Varanium India Opportunity Ltd ने Gayatri Projects Ltd में 2.50 करोड़ इक्विटी शेयर खरीदकर अपनी हिस्सेदारी को 5.38% तक पहुंचा दिया है। यह बड़ी खरीद कंपनी के 2.50 करोड़ शेयर को Preferential Allotment के जरिए हुई है।
इस निवेश के साथ, Gayatri Projects का इक्विटी कैपिटल ₹59.24 करोड़ से बढ़कर ₹92.86 करोड़ हो गया है। यह उन खबरों के बाद आया है जब कंपनी दिवालियापन (Insolvency) से बाहर निकली है और बड़े पैमाने पर फंड जुटाया है।
Varanium India का यह निवेश Gayatri Projects के लिए एक नया स्ट्रैटेजिक इन्वेस्टर लाता है, क्योंकि कंपनी अपनी वित्तीय सेहत को मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित कर रही है। यह कदम GPL के Turnaround Strategy और भविष्य की संभावनाओं में बढ़ते विश्वास का संकेत दे सकता है, खासकर दिवालियापन की कार्यवाही से बाहर निकलने के बाद।
1963 से इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में सक्रिय Gayatri Projects ने हाल ही में अपने लेनदारों (Lenders) के साथ One-Time Settlement (OTS) के जरिए दिवालियापन की प्रक्रिया पूरी की। कंपनी ने अप्रैल 2026 में ₹1,090 करोड़ का फंड जुटाया था, जिसमें Varanium India के माध्यम से ₹168.10 करोड़ का Preferential Allotment भी शामिल था।
हालांकि, कंपनी के ऑडिटर्स ने पहले 'Going Concern' को लेकर सवाल उठाए थे, जिसकी वजह कंपनी की पिछली वित्तीय परेशानियां और Negative Net Worth रहा है। यह बताता है कि कंपनी को अपनी व्यवहार्यता (Viability) सुनिश्चित करने के लिए लगातार वित्तीय मजबूती और परिचालन प्रदर्शन की आवश्यकता होगी।
FY2024 के अंत तक, कंपनी पर कुल ₹36.1 अरब (Billion) का कर्ज था और ₹14.4 अरब (Billion) की Negative Shareholder Equity थी, जिसके कारण डेट-टू-इक्विटी रेशियो -250.68% दर्ज किया गया।
Gayatri Projects इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में KNR Constructions, PNC Infratech, और HG Infra Engineering जैसे दिग्गजों के साथ प्रतिस्पर्धा करती है। हालांकि, GPL का मुख्य फोकस दिवालियापन के बाद वित्तीय सुधार और बैलेंस शीट को मजबूत करना रहा है। हालिया फंड जुटाना वित्तीय स्थिरता हासिल करने और प्रभावी ढंग से प्रतिस्पर्धा करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
