बोर्ड में शामिल हुईं मिसेज स्नेहा शर्मा, मिला भारी समर्थन
Foundry Fuel Products Ltd. ने 9 अप्रैल 2026 को अपने डाक मतपत्र (Postal Ballot) प्रक्रिया के नतीजे जारी किए। 10 मार्च से 8 अप्रैल 2026 तक चले ई-वोटिंग (e-voting) में कुल 56,29,551 वोट डाले गए। इनमें से 56,29,486 वोट, यानी 99.999%, Mrs. Sneha Sharma के पक्ष में पड़े, जबकि सिर्फ 65 वोट ही खिलाफत में गए। यह लगभग सर्वसम्मति से मिला समर्थन शेयरधारकों के बोर्ड गवर्नेंस को मजबूत करने के भरोसे को दर्शाता है।
Mrs. Sharma कंपनी लॉ एडवाइजरी सर्विसेज (Company Law Advisory Services) में एक दशक से अधिक का अनुभव रखती हैं और इंस्टीट्यूट ऑफ कंपनी सेक्रेटरीज ऑफ इंडिया (ICSI) की सदस्य हैं। उनकी नियुक्ति से बोर्ड को एक निष्पक्ष नज़रिया मिलेगा, जिससे निर्णय लेने की प्रक्रिया और कंपनी की निगरानी (oversight) बेहतर होने की उम्मीद है।
हाल ही में, 30 मार्च 2026 को कंपनी ने प्रमोटर शेयरहोल्डिंग (Promoter Shareholding) में गिफ्ट के जरिए हुए बदलावों का खुलासा किया था। इसके अलावा, 6 अप्रैल 2026 को Foundry Fuel Products ने यह भी स्पष्ट किया कि वह SEBI के नियमों के तहत 'लार्ज कॉर्पोरेट' (Large Corporate) की श्रेणी में नहीं आती है, इसलिए उसे कुछ उधार संबंधी खुलासे (borrowing disclosure) की छूट है।
हालांकि, कंपनी को ऐतिहासिक रूप से कुछ चुनौतियों का सामना करना पड़ा है। 2018 में SEBI से एक सेटलमेंट ऑर्डर (settlement order) भी आया था, जो इनसाइडर ट्रेडिंग (insider trading) के कथित उल्लंघन से जुड़ा था। कंपनी के पास ऐतिहासिक रूप से निगेटिव बुक वैल्यू (negative book value) और मुनाफे में गिरावट की वजह से नेट वर्थ (net worth) पर भी असर पड़ा है।
आगे चलकर, कंपनी अपनी 'नॉन-लार्ज कॉर्पोरेट' स्थिति को बनाए रखने के साथ-साथ नियामक अनुपालन (regulatory compliance) पर ध्यान केंद्रित करेगी। बोर्ड के अहम फैसले, वित्तीय प्रदर्शन में सुधार और Mrs. Sharma की कानूनी विशेषज्ञता का उपयोग करके कॉर्पोरेट गवर्नेंस को और मजबूत करना मुख्य लक्ष्य रहेंगे।
