वित्तीय साल 2026 (FY26) Eveready Industries India Ltd के लिए काफी दमदार रहा। कंपनी ने अपने कंसोलिडेटेड रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस में 8.2% का इजाफा करते हुए ₹1455.4 करोड़ का आंकड़ा पार किया, जो वितीय साल 2025 (FY25) के ₹1344.5 करोड़ से काफी बेहतर है। इस दौरान, कंपनी ने अपने EBITDA मार्जिन को 11.5% पर स्थिर बनाए रखा, जो पिछले साल के 11.4% से मामूली सुधार दर्शाता है।
इस शानदार परफॉरमेंस की एक खास वजह जम्मू में कंपनी का नया अल्कालाइन बैटरी प्लांट का चालू होना है। यह प्लांट भारत का एकमात्र ऑपरेशनल अल्कालाइन बैटरी प्लांट है, जिसके लिए कंपनी ने ₹200 करोड़ का निवेश किया था। इस प्लांट से डोमेस्टिक प्रोडक्शन कैपेसिटी में बड़ा उछाल आया है।
इसके साथ ही, Eveready ने वितीय साल के दौरान अपने कर्ज (Debt) को ₹100 करोड़ से ज्यादा घटाया है। कर्ज में यह कमी नोएडा स्थित प्रॉपर्टी की बिक्री से भी समर्थित हुई, जिससे ₹116 करोड़ प्राप्त हुए, और कुल ₹251.55 करोड़ की उम्मीद है।
FY26 में कंपनी का प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹171.5 करोड़ रहा, जिसमें कुछ एक्सेप्शनल गेन्स (exceptional gains) भी शामिल थे। यह FY25 के ₹82.4 करोड़ के मुकाबले करीब दोगुना है।
जम्मू प्लांट का चालू होना अल्कालाइन बैटरी के डोमेस्टिक मैन्युफैक्चरिंग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे इंपोर्ट पर निर्भरता कम होने की उम्मीद है। Eveready का लक्ष्य अल्कालाइन सेगमेंट में 20% मार्केट शेयर हासिल करना है।
Burman फैमिली द्वारा कंट्रोलिंग स्टेक हासिल करने के बाद से Eveready एक टर्नअराउंड (turnaround) फेज में है। कंपनी अब ऑपरेशनल एफिशिएंसी और प्रीमियम प्रोडक्ट्स, जैसे लिथियम बैटरी और एडवांस्ड फ्लैशलाइट्स, के विस्तार पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
हालांकि, कंपनी को कुछ चुनौतियों का भी सामना करना पड़ रहा है। बैटरी के लिए महत्वपूर्ण इनपुट जिंक की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है। इसके अलावा, डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी (INR 94-95 के करीब) इंपोर्ट लागत को बढ़ा रही है। वेस्ट एशिया की भू-राजनीतिक स्थिति भी सप्लाई चेन और कच्चे तेल की कीमतों को प्रभावित कर सकती है।
Eveready का मुकाबला Exide Industries, Amara Raja Energy & Mobility, Indo-National (Nippo) और Panasonic Energy India जैसी कंपनियों से है। तुलना के लिए, Exide Industries का FY22 रेवेन्यू ₹15,200 करोड़ और Amara Raja Batteries का FY22 रेवेन्यू ₹6,800 करोड़ था, जो Eveready के FY26 के ₹1455.4 करोड़ के रेवेन्यू से काफी बड़ा है।
निवेशक अब जम्मू प्लांट की परफॉरमेंस, कर्ज में और कमी, बढ़ती इनपुट कॉस्ट के बीच मार्जिन बनाए रखने की कंपनी की क्षमता, और अल्कालाइन सेगमेंट में मार्केट शेयर ग्रोथ पर बारीकी से नजर रखेंगे।
