क्या है प्रोजेक्ट का पूरा प्लान?
EMS Limited को यह प्रोजेक्ट वाराणसी के 18 'समस्याग्रस्त वार्डों' में सीवर नेटवर्क बिछाने और घरों तक कनेक्शन पहुंचाने के लिए मिला है। इस पूरे काम को 18 महीनों के अंदर पूरा करना होगा। यह बड़ा कॉन्ट्रैक्ट कंपनी के ऑर्डर बुक को मजबूत करेगा और अगले 18 महीनों के लिए रेवेन्यू की अच्छी खासी विजिबिलिटी देगा।
पानी और सीवेज में EMS की एक्सपर्टाइज
यह अवार्ड EMS Limited की पानी सप्लाई, सीवरेज और रोड जैसे इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स को संभालने की क्षमता को दर्शाता है। कंपनी का जल और स्वच्छता क्षेत्र में काफी अनुभव है और उसने उत्तर प्रदेश में अपनी पकड़ मजबूत की है।
प्रोजेक्ट में क्या-क्या शामिल है?
EMS Limited इस पूरे प्रोजेक्ट की जिम्मेदारी संभालेगी। इसमें सर्वे, मिट्टी की जांच, डिजाइनिंग और मैटेरियल की खरीद शामिल है। कंपनी सीवर नेटवर्क और राइजिंग मेन की टर्नकी एग्जीक्यूशन (Turnkey Execution) करेगी, साथ ही लोगों के घरों में सीवर कनेक्शन भी देगी। इसके अलावा, 23 मिलियन लीटर प्रति दिन (MLD) क्षमता वाले एक सीवेज पंपिंग स्टेशन (SPS) का निर्माण भी किया जाएगा।
कॉम्पिटिशन में EMS की पोजीशन
इस नए प्रोजेक्ट के साथ, EMS Limited पानी के इंफ्रास्ट्रक्चर स्पेस में VA Tech Wabag और SPML Infra जैसी कंपनियों के साथ खड़ी है, जो पूरे भारत में बड़े पैमाने पर पानी और सीवेज प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही हैं। इस आर्डर को हासिल करना दर्शाता है कि EMS इस सेगमेंट में सरकारी टेंडर्स जीतने की अच्छी क्षमता रखती है।
निवेशकों को किन बातों पर रखना चाहिए ध्यान?
इन्वेस्टर्स इस प्रोजेक्ट की शुरुआत की आधिकारिक तारीख, प्रोजेक्ट की प्रगति पर नजर रखेंगे। साथ ही, EMS Limited के भविष्य के ऑर्डर की पाइपलाइन और इस नए कॉन्ट्रैक्ट से कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन में होने वाले असर पर भी गौर करेंगे।
