Concord Control Systems Limited ने हाल ही में हुई बोर्ड मीटिंग में कंपनी के भविष्य को मजबूत करने वाले कई अहम फैसले लिए हैं। सबसे पहले, कंपनी ने तुरंत प्रभाव से तीन नए नॉन-एग्जीक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स - श्री मदन मोहन भाटिया, सुश्री अनुराधा गर्ग और श्री श्याम बोहरा - को नियुक्त किया है। वहीं, 30 मार्च 2026 से श्री हर्ष यादव ने इंडिपेंडेंट डायरेक्टर पद से इस्तीफा दे दिया है।
इसके साथ ही, बोर्ड ने कंपनी की सहयोगी Progota India Private Limited में ₹4.65 करोड़ तक के अतिरिक्त निवेश को भी हरी झंडी दे दी है। इस बड़े निवेश से Progota India में Concord की हिस्सेदारी मौजूदा 26% से बढ़कर 46.5% हो जाएगी। उम्मीद है कि यह निवेश अगले छह महीनों के भीतर पूरा कर लिया जाएगा।
कंपनी का कहना है कि यह रणनीतिक कदम रेलवे सुरक्षा तकनीक, खास तौर पर Kavach 4.0, में अपनी भागीदारी को गहरा करने और रेलवे-टेक्नोलॉजी व ऑटोमेशन के क्षेत्र में Concord की पकड़ मजबूत करने के लिए उठाया गया है।
Concord Control Systems मुख्य रूप से इंडियन रेलवेज के लिए कंट्रोल पैनल, इलेक्ट्रॉनिक इंस्ट्रूमेंटेशन और ऑटोमेशन सॉल्यूशंस बनाने का काम करती है। इसके प्रोडक्ट्स में PLCs और SCADA सिस्टम जैसे इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन के उपकरण शामिल हैं। कंपनी ने रेलवे, डिफेंस और इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन जैसे क्षेत्रों में टेक्नोलॉजी को अपनाने पर लगातार ध्यान केंद्रित किया है। Concord, RDSO-approved OEM भी है, जो इंडियन रेलवेज के लिए इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम बनाने की उसकी क्षमता का प्रमाण है।
नए स्वतंत्र निदेशकों की नियुक्ति से कंपनी के बोर्ड को ज्यादा स्वतंत्र विचार मिलेंगे, जिससे रणनीतिक निर्णय लेने की क्षमता में सुधार होने की उम्मीद है। Progota India में बड़ी हिस्सेदारी Concord को रेलवे सुरक्षा तकनीक के क्षेत्र में अपनी स्थिति और मजबूत करने का मौका देगी। यह कदम भारत में चल रहे रेलवे आधुनिकीकरण और सुरक्षा सुधार कार्यक्रमों का बेहतर लाभ उठाने में कंपनी की मदद करेगा।
बाजार में Concord Control Systems का मुकाबला Titagarh Rail Systems Limited, Kernex Microsystems (India) Limited और HBL Power Systems Ltd. जैसी अन्य कंपनियों से है, जो रेलवे क्षेत्र में काफी सक्रिय हैं।
कंपनी ने अपनी हालिया फाइलिंग में इन बदलावों से जुड़े किसी विशेष जोखिम का उल्लेख नहीं किया है।
