कंपनी के एक्शन और फ्यूचर प्लान
Caprihans India ने 23 मार्च 2026 को ₹3.15 करोड़ के 31,50,000 प्रेफरेंस शेयर्स (Preference Shares) को रिडीम किया है। इससे कंपनी की आउटस्टैंडिंग प्रेफरेंस शेयर कैपिटल (Outstanding Preference Share Capital) में कमी आई है।
इसके साथ ही, Caprihans India के प्रमोटर, Bilcare Limited ने 3,30,000 नए इक्विटी शेयर्स (Equity Shares) के अलॉटमेंट के लिए वारंट्स (Warrants) को एक्सरसाइज (Exercise) किया है। इस कदम से कंपनी का पेड-अप इक्विटी शेयर कैपिटल (Paid-up Equity Share Capital) ₹14.92 करोड़ से बढ़कर ₹15.25 करोड़ हो गया है।
क्यों रोके गए आगे के रिडेम्पशन?
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स (Board of Directors) ने एक बड़ा फैसला लेते हुए, चालू फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) के बाकी बचे समय के लिए किसी भी तरह के फर्दर प्रेफरेंस शेयर रिडेम्पशन (Further Preference Share Redemptions) पर रोक लगा दी है। इस फैसले का मुख्य कारण ग्लोबल जियोपॉलिटिकल अनिश्चितताओं (Global Geopolitical Uncertainties) को बताया गया है, जिन्होंने बाजार में कुछ बाधाएं पैदा की हैं।
यह निर्णय फाइनेंशियल प्लानिंग (Financial Planning) को लेकर कंपनी के सतर्क रुख को दर्शाता है, जिसमें वह लिक्विडिटी (Liquidity) और ग्लोबल इकोनॉमिक अस्थिरता (Global Economic Instability) से निपटने को प्राथमिकता दे रही है।
कंपनी का बिजनेस और इंडस्ट्री
Caprihans India मुख्य रूप से PVC-बेस्ड फिल्म्स (Films) और शीट्स (Sheets) का निर्माण करती है। यह Bilcare Limited की एक सब्सिडियरी (Subsidiary) है, जो खुद पैकेजिंग सॉल्यूशंस (Packaging Solutions) में एक ग्लोबल लीडर है। इस सेक्टर में Caprihans India के कुछ प्रमुख प्रतिस्पर्धियों में Polyplex Corporation, Ester Industries और Cosmo First Limited शामिल हैं।
