FY26 में CEAT का दबदबा: रेवेन्यू में जोरदार उछाल, डिविडेंड की घोषणा और क्रेडिट लाइन
CEAT Limited ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए अपने ऑडिटेड नतीजे जारी किए हैं, जिसमें कंपनी ने शानदार प्रदर्शन किया है। कुल कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल के मुकाबले 18.6% बढ़कर ₹15,678 करोड़ पर पहुंच गया। कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट ₹697 करोड़ रहा, जबकि EBITDA मार्जिन 13.16% दर्ज किया गया। विशेष रूप से, चौथी तिमाही (Q4 FY26) में कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में 23% की प्रभावशाली वृद्धि देखी गई और यह ₹4,219 करोड़ तक पहुंच गया।
कंपनी के बोर्ड ने शेयरधारकों की मंजूरी के अधीन, प्रति इक्विटी शेयर ₹35 (जो कि 350% बनता है) का डिविडेंड देने की सिफारिश की है। इसके अलावा, CEAT अपने बिज़नेस ऑपरेशन्स और अन्य ज़रूरतों के लिए ₹1,000 करोड़ तक की एक क्रेडिट फैसिलिटी हासिल करने की योजना बना रही है, जो कंपनी को वित्तीय मजबूती और लचीलापन प्रदान करेगी।
यह मजबूत रेवेन्यू ग्रोथ CEAT के प्रोडक्ट्स की डिमांड में निरंतरता और बाजार में पैठ का संकेत देती है। शेयरधारकों के लिए, प्रस्तावित डिविडेंड कंपनी के भविष्य के प्रदर्शन में विश्वास को दर्शाता है। क्रेडिट फैसिलिटी से कंपनी को भविष्य के किसी भी बड़े पूंजीगत व्यय (capital expenditure) या रणनीतिक पहलों के लिए वित्तीय सहारा मिलेगा।
पिछले फाइनेंशियल ईयर (FY24-25) में, CEAT ने ₹13,217.9 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया था, हालांकि उस दौरान मार्जिन पर दबाव और नेट प्रॉफिट में गिरावट का सामना करना पड़ा था। कंपनी ने क्षमता विस्तार के लिए ₹946 करोड़ का महत्वपूर्ण कैपिटल एक्सपेंडिचर भी किया था। इंडस्ट्री-व्यापी, रबर जैसे कच्चे माल की बढ़ती कीमतों ने पिछले कुछ समय से MRF, Apollo Tyres और JK Tyre जैसी प्रमुख कंपनियों के प्रॉफिट मार्जिन पर दबाव डाला है, और CEAT भी इससे अछूती नहीं रही है।
FY26 में CEAT की 18.6% की रेवेन्यू ग्रोथ ने इसके प्रमुख प्रतिद्वंद्वियों को पीछे छोड़ दिया है। FY25 में MRF की ग्रोथ 12.1%, Apollo Tyres की 3% रही, वहीं JK Tyre ने 1.8% की गिरावट दर्ज की। हालांकि, मार्जिन के मामले में सभी कंपनियों को लागत दबाव का सामना करना पड़ रहा है। आगे चलकर, कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और सप्लाई चेन की चुनौतियां अल्पावधि में चिंता का विषय बनी रह सकती हैं, जिन पर CEAT ज़रूरी रणनीतियों से काबू पाने का प्रयास करेगी। शेयरधारकों को प्रस्तावित डिविडेंड की मंजूरी, क्रेडिट फैसिलिटी का उपयोग और CAMSO कंस्ट्रक्शन बिजनेस के इंटीग्रेशन पर नजर रखनी चाहिए।
