कंपनी का बड़ा कायापलट: BJ Duplex Boards बनी Prabhatam Infraventure!
BJ Duplex Boards Limited के शेयरहोल्डर्स ने एक ऐतिहासिक फैसले पर मुहर लगा दी है। 8 मई, 2026 को हुई एक्स्ट्राऑर्डिनरी जनरल मीटिंग (EGM) में, कंपनी का नाम बदलकर Prabhatam Infraventure Limited करने और ₹25 करोड़ की पूंजी जुटाने के प्रस्तावों को भारी बहुमत से मंजूरी मिली है। यह बदलाव कंपनी के बिजनेस मॉडल में एक बड़े रणनीतिक शिफ्ट का संकेत देता है।
इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट पर फोकस
इस रीब्रांडिंग के साथ, BJ Duplex Boards अपने पारंपरिक पेपर और पैकेजिंग बिजनेस से बाहर निकलकर इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट डेवलपमेंट के क्षेत्र में कदम रख रही है। ₹25 करोड़ की यह कैपिटल इन्फ्यूजन (पूंजी जुटाना) कंपनी को इन नए ग्रोथ एरियाज में अपने विस्तार की योजनाओं को मजबूती देने में मदद करेगा।
शेयर कैपिटल में भारी बढ़ोतरी
मीटिंग में कंपनी के ऑथोराइज्ड शेयर कैपिटल (अधिकृत शेयर पूंजी) को ₹12 करोड़ से बढ़ाकर ₹25 करोड़ करने की भी मंजूरी दी गई। कंपनी प्रेफरेंशियल इशू और शेयर स्वैप के जरिए 20,40,10,350 इक्विटी शेयर्स जारी करने की योजना बना रही है। इसमें Prabhatam Infrastructure Limited के साथ शेयर स्वैप के जरिए करीब 14.4 करोड़ शेयर्स और पब्लिक के लिए अतिरिक्त 6 करोड़ शेयर्स शामिल होंगे।
शेयरहोल्डर्स पर असर और भविष्य की राह
यह बदलाव मौजूदा शेयरहोल्डर्स के लिए कंपनी के भविष्य के नए अवसरों का द्वार खोलेगा। अब वे इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट पर केंद्रित कंपनी का हिस्सा होंगे। हालांकि, नए शेयर जारी होने से मौजूदा शेयरधारिता (shareholding) पर असर पड़ सकता है, जो इशू प्राइस और स्वैप रेशियो पर निर्भर करेगा।
इंडस्ट्री के दिग्गज और रिस्क फैक्टर
अपने पुराने पेपर सेक्टर में, Kuantum Papers जैसी कंपनियों का मार्केट कैप लगभग ₹1,500 करोड़ है। वहीं, इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में कदम रखने पर Prabhatam Infraventure का मुकाबला Larsen & Toubro (मार्केट कैप ₹4 लाख करोड़) और रियल एस्टेट में DLF (मार्केट कैप ₹90,000 करोड़) जैसे दिग्गजों से होगा। यह डाइवर्सिफिकेशन कंपनी की एग्जीक्यूशन कैपेबिलिटीज और प्रतिस्पर्धी बाजारों में टिके रहने की क्षमता पर निर्भर करेगा।
आगे क्या?
शेयरहोल्डर्स को अब EGM के ऑफिशियल ई-वोटिंग नतीजों का इंतजार करना होगा। कंपनी को रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज (ROC) और स्टॉक एक्सचेंजों से जरूरी रेगुलेटरी अप्रूवल (नियामकीय मंजूरी) मिलने का भी इंतजार है। Prabhatam Infrastructure Limited के साथ शेयर स्वैप की शर्तों और नए इंफ्रास्ट्रक्चर व रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स का एग्जीक्यूशन कंपनी के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण साबित होगा।
