ICRA Limited की लेटेस्ट रिपोर्ट के अनुसार, Asian Granito India Ltd ने अपने राइट्स इश्यू (Rights Issue) से जुटाए गए ₹440.96 करोड़ में से ₹422.17 करोड़ का फंड मार्च 2026 तक इस्तेमाल कर लिया है। यह फंड्स कंपनी के तय उद्देश्यों के अनुरूप हैं, लेकिन कुछ अहम प्रोजेक्ट्स के कार्यान्वयन (implementation) में देरी देखी गई है, जो निवेशकों के लिए चिंता का सबब बन सकती है।
रिपोर्ट बताती है कि कंपनी के पास ₹5.16 करोड़ की राशि अभी भी अनयूटिलाइज्ड (unutilized) है। इन फंड्स का उपयोग मुख्य रूप से कैपिटल एक्सपेंडिचर (capital expenditure), ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट्स के लिए वर्किंग कैपिटल (working capital) और नए डिस्प्ले सेंटर्स (display centres) स्थापित करने के लिए किया गया है।
इसके अलावा, ₹86.35 करोड़ सब्सिडियरी Crystal Ceramic Industries Limited को टर्म लोन चुकाने के लिए लोन और एडवांसेन्स (loans and advances) के तौर पर दिए गए हैं, जिसे जनरल कॉर्पोरेट पर्पज (general corporate purposes) के तहत गिना गया है।
प्रोजेक्ट्स में देरी की बड़ी वजहें:
रिपोर्ट में कंपनी के कुछ अहम प्रोजेक्ट्स के कार्यान्वयन में हुई देरी को उजागर किया गया है, जो निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण है:
- डिस्प्ले सेंटर और ऑफिस (अहमदाबाद): फंडिंग मिलने के 18 महीने बाद भी इसका निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ है।
- स्टॉक पॉइंट प्रोजेक्ट: इसमें भी 18 महीने की देरी दर्ज की गई है, हालांकि यह प्रोजेक्ट अब प्रगति पर है।
- कंपनी ने इससे पहले डिस्प्ले सेंटर के लिए इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट और कंस्ट्रक्शन (EPC) कॉन्ट्रैक्ट को रद्द कर दिया था, जिसके कारण फंड की रीएलोकेशन (reallocation) करनी पड़ी और वेंडर से जुड़ी चुनौतियां सामने आ सकती हैं।
यह एग्जीक्यूशन लैग्स (execution lags) इन पहलों से अपेक्षित रेवेन्यू (revenue) जनरेशन की टाइमलाइन को प्रभावित कर सकते हैं। Asian Granito India Ltd ने मार्च 2023 में यह राइट्स इश्यू पूरा किया था।
सेक्टर का हाल:
Asian Granito, Kajaria Ceramics, Somany Ceramics और Cera Sanitaryware जैसी कंपनियों के साथ एक प्रतिस्पर्धी बाजार में काम करती है। हालांकि, कैपिटल प्रोजेक्ट्स का समय पर निष्पादन (execution) पूरे सिरेमिक सेक्टर में एक आम चुनौती बनी हुई है।
रिपोर्ट के मुख्य आंकड़े:
- कुल राइट्स इश्यू साइज: ₹440.96 करोड़ (FY23-FY24)
- इस्तेमाल किए गए नेट प्रोसीड्स: ₹422.17 करोड़ (Q4 FY26 तक)
- अनयूटिलाइज्ड प्रोसीड्स: ₹5.16 करोड़ (Q4 FY26 तक)
- सब्सिडियरी को दिए गए लोन के लिए फंड: ₹86.35 करोड़ (Q4 FY26 तक)
आगे क्या देखें:
- मैनेजमेंट द्वारा डिस्प्ले सेंटर और स्टॉक पॉइंट प्रोजेक्ट्स को गति देने के प्रयास।
- अहमदाबाद डिस्प्ले सेंटर के निर्माण की शुरुआत।
- संशोधित प्रोजेक्ट टाइमलाइन की पुष्टि और उनका पालन।
- नए मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स और डिस्प्ले सेंटर्स से परफॉरमेंस अपडेट।
