बोर्ड ने ₹2.50 के फाइनल डिविडेंड को दी मंजूरी, नए प्लान्स पर फोकस
Apollo Tyres के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने ₹2.50 प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। इससे FY26 के लिए कुल डिविडेंड ₹6.00 प्रति शेयर हो जाता है, जो पिछले दो फाइनेंशियल ईयर के ₹4.00 प्रति शेयर से ज्यादा है। कंपनी ने स्टैंडअलोन रेवेन्यू ₹19,816.23 करोड़ और स्टैंडअलोन प्रॉफिट ₹903.37 करोड़ भी दर्ज किया है।
इसके साथ ही, बोर्ड ने मिस लक्ष्मी पुरी की इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर फिर से नियुक्ति का भी प्रस्ताव रखा है, जो कंपनी के मजबूत गवर्नेंस पर जोर देता है।
भविष्य की रणनीति और इंडस्ट्री की चुनौतियाँ
इन वित्तीय प्रदर्शनों को कंपनी की चल रही स्ट्रैटेजिक योजनाओं का सहारा मिला है। Apollo Tyres गुजरात में एक नई मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी स्थापित करने की योजना बना रहा है और अपने Vredestein ब्रांड को भारतीय बाजार में प्रीमियम बनाने पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।
हालांकि, कंपनी एक ऐसे उद्योग में काम करती है जो महत्वपूर्ण चुनौतियों का सामना कर रहा है। कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव विनिर्माण लागत और मुनाफे को प्रभावित कर सकता है। इसके अतिरिक्त, भारतीय टायर बाजार में घरेलू और अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ियों से कड़ी प्रतिस्पर्धा मूल्य निर्धारण पर दबाव बनाए रखती है।
Apollo Tyres का मुकाबला MRF Ltd, CEAT Ltd, JK Tyre & Industries Ltd, और Balkrishna Industries Ltd जैसे प्रमुख निर्माताओं से है।
शेयरहोल्डर्स आने वाली एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में फाइनल डिविडेंड और मिस पुरी की पुनर्नियुक्ति पर वोट करेंगे।
