निवेशकों के लिए अहम खबर: बोर्ड बैठक में होंगे बड़े फैसले
Amara Raja Energy & Mobility Limited के शेयरधारकों के लिए 25 मई 2026 का दिन महत्वपूर्ण रहने वाला है। इस दिन कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की एक अहम बैठक होगी, जिसमें फाइनेंशियल ईयर 2025-26 और 31 मार्च 2026 को समाप्त होने वाली तिमाही के ऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स (स्टैंडअलोन और कंसॉलिडेटेड दोनों) को अंतिम रूप दिया जाएगा।
इसके साथ ही, बोर्ड फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए शेयरधारकों को फाइनल डिविडेंड (लाभांश) देने के प्रस्ताव पर भी विचार करेगा। डिविडेंड की घोषणा कंपनी की फाइनेंशियल हेल्थ और मुनाफे के बंटवारे की रणनीति को दर्शाएगी, जो सीधे तौर पर निवेशकों के रिटर्न को प्रभावित करती है।
ट्रेडिंग विंडो बंद, इनसाइडर्स पर रोक
नतीजों की घोषणा से पहले, कंपनी ने 1 अप्रैल 2026 से 27 मई 2026 तक के लिए अपनी ट्रेडिंग विंडो बंद कर दी है। यह एक स्टैंडर्ड प्रक्रिया है, जिसके तहत कंपनी के अंदरूनी लोग (insiders) इस अवधि के दौरान कंपनी के शेयरों में खरीद-बिक्री नहीं कर सकते।
कंपनी का बैकग्राउंड और पिछला प्रदर्शन
Amara Raja Energy & Mobility Limited, जिसे पहले Amara Raja Batteries के नाम से जाना जाता था, भारत के एनर्जी स्टोरेज सेक्टर की एक प्रमुख कंपनी है। यह 'Amaron' और 'Quanta' जैसे ब्रांड नामों के तहत ऑटोमोटिव और इंडस्ट्रियल लीड-एसिड बैटरियों का निर्माण करती है। कंपनी अब नए एनर्जी सॉल्यूशंस, जैसे Li-ion सेल्स, बैटरी पैक और इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) चार्जर के क्षेत्र में भी तेजी से विस्तार कर रही है।
फाइनेंशियल ईयर 2024-25 के लिए, Amara Raja ने कुल ₹12,405 करोड़ का रेवेन्यू और ₹1,299 करोड़ का प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) दर्ज किया था। फाइनेंशियल ईयर 2025 की चौथी तिमाही (Q4 FY25) में, रेवेन्यू 19.9% बढ़कर ₹2,941.19 करोड़ रहा, जबकि प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) 64.8% बढ़कर ₹229.78 करोड़ तक पहुंच गया था। कंपनी अपने न्यू एनर्जी बिजनेस में अहम निवेश कर रही है, जिसमें Li-ion Gigafactory और Gotion High-Tech के साथ LFP सेल मैन्युफैक्चरिंग की पार्टनरशिप शामिल है।
प्रमुख जोखिम और कंप्लायंस
कंपनी को अतीत में एनवायर्नमेंटल कंप्लायंस को लेकर जांच का सामना भी करना पड़ा है। 2021 में, आंध्र प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने इसके लीड-एसिड बैटरी प्लांट्स को बंद करने का आदेश दिया था, हालांकि बाद में कोर्ट से अंतरिम राहत मिली।
कंपनी को ₹1.89 करोड़ का एक टैक्स ऑर्डर भी मिला है, जिसके खिलाफ वह अपील करने की योजना बना रही है। इसके अलावा, NSE द्वारा ₹5,900 का एक छोटा जुर्माना XBRL फाइलिंग कंप्लायंस में एक दिन की देरी के कारण लगाया गया था।
मुकाबला और आगे की राह
Amara Raja का मुकाबला Exide Industries Ltd. और HBL Power Systems Ltd. जैसी कंपनियों से है। निवेशक 25 मई 2026 को आने वाले FY26 के आधिकारिक नतीजों का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। फाइनल डिविडेंड पर बोर्ड का फैसला भी एक अहम बिंदु होगा। कंपनी के नए एनर्जी बिजनेस के विस्तार और कंप्लायंस से जुड़े मामले भविष्य में कंपनी की प्रगति को ट्रैक करने के लिए महत्वपूर्ण होंगे।