कंपनी ने कहा है कि यह बिक्री उसके एसेट का बेहतर इस्तेमाल करने और नकदी (Cash) बढ़ाने की एक रणनीतिक पहल है। इस कदम से कंपनी अपने मुख्य हेल्थकेयर एक्टिविटीज पर और ज्यादा ध्यान केंद्रित कर पाएगी। यह 48 बीघा जमीन चंडीगढ़-बठिंडा हाईवे पर स्थित है और फिलहाल कंपनी के संचालन (Operations) का हिस्सा नहीं है। इस बिक्री से मिली राशि को कंपनी अपने कैश रिजर्व को मजबूत करने में इस्तेमाल करेगी।
इस सौदे को अंतिम रूप देने से पहले कुछ शर्ते पूरी करनी होंगी, जिनमें प्रॉपर्टी का पार्टीशन (Partition) और भुगतान (Payment) की जिम्मेदारियां शामिल हैं। इन शर्तो के पूरा न होने पर बिक्री में देरी हो सकती है या यह सौदा रद्द भी हो सकता है। निवेशक अब इस सौदे के पूरा होने की पुष्टि और ₹24 करोड़ की राशि के उपयोग पर बारीकी से नजर रखेंगे।
