EGM में होगी नियुक्ति पर वोटिंग, शेयरधारकों की मंजूरी का इंतजार
Gennex Laboratories ने 12 मई, 2026 को अपनी असाधारण आम बैठक (EGM) बुलाई है। इस बैठक में कंपनी अपने शेयरधारकों से सुश्री खुश्बू कछवाहा को गैर-कार्यकारी स्वतंत्र महिला डायरेक्टर के रूप में नियुक्त करने के लिए मंजूरी मांगेगी। यह बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए आयोजित की जाएगी। शेयरधारक 8 से 11 मई, 2026 के बीच दूरस्थ ई-वोटिंग के जरिए अपने मत डाल सकेंगे। वोटिंग की पात्रता तय करने के लिए रिकॉर्ड डेट 1 मई, 2026 निर्धारित की गई है।
गवर्नेंस को मजबूत करने की कोशिश
यह नियुक्ति बोर्ड में एक खाली पद को भरने और Gennex Laboratories के कॉर्पोरेट गवर्नेंस ढांचे को मजबूत करने के उद्देश्य से की जा रही है। कंपनी के लिए स्वतंत्र डायरेक्टर्स का जुड़ाव काफी महत्वपूर्ण है, खासकर पिछले कुछ गवर्नेंस से जुड़ी समस्याओं को देखते हुए। शेयरधारकों के वोट का नतीजा प्रस्तावित बोर्ड सदस्य में विश्वास को दर्शाएगा।
कंपनी का इतिहास और पिछली जांच
साल 1995 में स्थापित Gennex Laboratories, एक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रेडिएंट (API) बनाने वाली एक कंपनी है। इसने Pharmasia Drugs and Chemicals और Prudential Pharmaceuticals जैसे नामों से भी काम किया है।
कंपनी का इतिहास कई गंभीर गवर्नेंस चिंताओं से जुड़ा रहा है। 2013 में, भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) ने Gennex और इसके प्रमोटर, विनोद बैद, को भ्रामक घोषणाओं और झूठे कॉर्पोरेट खुलासों के लिए तीन साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया था। बाद में, फाइनेंशियल ईयर 19-21 के दौरान, नियामक जांच में लगभग ₹81 करोड़ की फर्जी बिक्री का खुलासा हुआ, जिसने उस अवधि के लगभग 46% रिपोर्टेड राजस्व पर सवाल उठाए थे। इसके परिणामस्वरूप SEBI ने कंपनी के अधिकारियों पर भारी जुर्माना भी लगाया था।
कंपनी की मार्केट में स्थिति
Gennex Laboratories भारतीय फार्मा सेक्टर में सन फार्मा और डिवीज लैबोरेटरीज जैसी बड़ी कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धा करती है। हालांकि ऑरोबिंदो फार्मा और लाइका लैब्स भी इसी क्षेत्र में काम करती हैं, Gennex का नियामक कार्रवाइयों और गवर्नेंस मुद्दों का अलग इतिहास इसे सबसे जुदा बनाता है। लगभग ₹250 करोड़ के मार्केट कैपिटलाइजेशन के साथ, Gennex बड़ी इंडस्ट्री प्लेयर्स की तुलना में एक खास जगह रखती है।
मुख्य फाइनेंशियल मेट्रिक
Gennex Laboratories ने पिछले तीन वर्षों में 9.80% का रिटर्न ऑन इक्विटी (ROE) दर्ज किया है।
निवेशकों के लिए आगे क्या?
निवेशक 12 मई, 2026 को होने वाली EGM में शेयरधारकों की भागीदारी और वोटिंग के नतीजों पर नजर रखेंगे। सुश्री कछवाहा की बोर्ड में भूमिका और यह गवर्नेंस खुलासों को कैसे मजबूत करती है, इस पर भविष्य की घोषणाएं महत्वपूर्ण होंगी। इसके अलावा, SEBI डीमैटेरियलाइजेशन सर्टिफिकेट सबमिशन जैसे नियामक अनुपालन अपडेट पर नजर रखना भी अहम होगा।
