Biocon के बोर्ड से बड़े फैसले: ₹1429 करोड़ का मुनाफा, BBL अधिग्रहण को हरी झंडी और 10% डिविडेंड का ऐलान
Biocon लिमिटेड के लिए फाइनेंशियल ईयर 2026 शानदार रहा। कंपनी के बोर्ड ने आज यानी 7 मई 2026 को हुई मीटिंग में ऑडिट किए गए वित्तीय नतीजों को मंजूरी दे दी है। इस वित्तीय वर्ष के लिए कंपनी ने ₹14,294 मिलियन (यानी ₹1429 करोड़) का शानदार नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। वहीं, कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू (Revenue) बढ़कर ₹1,52,617 मिलियन हो गया है।
BBL को पूरी तरह अपने नियंत्रण में लाने की तैयारी
बोर्ड ने एक और बड़ा फैसला लेते हुए अपनी अहम सब्सिडियरी (Subsidiary) बायोकोन बायोलॉजिक्स (BBL) में करीब 2% इक्विटी हिस्सेदारी ₹330.73 करोड़ में खरीदने की मंजूरी दे दी है। इस अधिग्रहण का मुख्य उद्देश्य BBL को Biocon की पूर्ण स्वामित्व वाली सब्सिडियरी बनाना है, जिससे कंपनी के ऑपरेशन्स (Operations) को सुव्यवस्थित करने और फाइनेंशियल रिपोर्टिंग को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।
शेयरहोल्डर्स को मिलेगा 10% फाइनल डिविडेंड
निवेशकों को खुश करते हुए, बोर्ड ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए 10% (यानी प्रति शेयर ₹0.50) का फाइनल डिविडेंड (Dividend) देने की सिफारिश की है। यह सिफारिश शेयरहोल्डर्स की मंजूरी पर निर्भर करेगी।
ऑडिटर और डायरेक्टर्स की नियुक्ति
कंपनी ने गवर्नेंस (Governance) को और मजबूत करते हुए अगले 5 साल के लिए एस. आर. बैटलीबॉय एंड एसोसिएट्स एलएलपी (S. R. Batliboi & Associates LLP) को नया स्टेट्यूटरी ऑडिटर (Statutory Auditor) नियुक्त किया है। इसके अलावा, बोर्ड में पांच इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स (Independent Directors) और एक नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर (Non-Executive Director) की नियुक्ति को भी मंजूरी दी गई है।
आगे क्या?
Biocon बायोलॉजिक्स (BBL) का अधिग्रहण 30 जून 2026 तक पूरा होने की उम्मीद है, बशर्ते सभी जरूरी शेयरहोल्डर और रेगुलेटरी अप्रूवल (Regulatory Approvals) मिल जाएं। कंपनी की 48वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 6 अगस्त 2026 को आयोजित की जाएगी, जहाँ डिविडेंड और BBL अधिग्रहण जैसे प्रस्तावों पर वोटिंग होगी।
क्यों अहम है यह कदम?
BBL, Biocon के ग्लोबल बायोसिमिलर बिजनेस के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। August 2022 में BBL ने $1.2 बिलियन का फंड जुटाया था, जब Biocon की इसमें 98.36% हिस्सेदारी थी और बाहरी निवेशकों के पास 1.64%। अब बाकी हिस्सेदारी खरीदकर Biocon BBL को पूरी तरह अपने कंट्रोल में ले लेगी, जिससे स्ट्रक्चर सिंपलीफाई (Simplify) होगा।
जोखिम और आगे की राह
BBL अधिग्रहण के लिए शेयरहोल्डर और रेगुलेटरी अप्रूवल मिलना जरूरी है। अगर इसमें कोई देरी होती है, तो इंटीग्रेशन (Integration) की टाइमलाइन पर असर पड़ सकता है। वहीं, 10% डिविडेंड भी AGM में शेयरहोल्डर्स की मंजूरी के बाद ही फाइनल होगा।
पियर कंपेरिजन (Peer Comparison)
अन्य बड़ी फार्मा कंपनियां भी डिविडेंड और विस्तार पर ध्यान दे रही हैं। उदाहरण के लिए, सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज (Sun Pharmaceutical Industries) ने FY26 के लिए 250% डिविडेंड की सिफारिश की है। वहीं, डॉ. रेड्डीज लैबोरेटरीज (Dr. Reddy's Laboratories) जैसी कंपनियां भी बायो-लॉजिक्स सेक्टर में अधिग्रहण के जरिए ग्रोथ कर रही हैं।
