Tata Power का दमदार प्रदर्शन: FY26 में ₹5,117 करोड़ का नेट प्रॉफिट, डिविडेंड का ऐलान!
Tata Power Company Ltd ने FY26 के लिए अपने कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजों की घोषणा की है, जिसमें कंपनी का नेट प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹5,117.56 करोड़ रहा। यह पिछले फाइनेंशियल ईयर (FY25) के ₹4,775.37 करोड़ के मुकाबले एक बड़ी बढ़ोतरी है। हालांकि, इस अवधि में कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू (Revenue) ₹62,428.59 करोड़ रहा, जो FY25 के ₹65,478.24 करोड़ से थोड़ा कम है।
शेयरधारकों के लिए ₹2.50 डिविडेंड और हाइड्रो पावर में नई शुरुआत
कंपनी के बोर्ड ऑफ़ डायरेक्टर्स ने इस शानदार प्रदर्शन को देखते हुए शेयरधारकों के लिए ₹2.50 प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। शेयरधारकों की मंज़ूरी मिलने पर, यह भुगतान 10 जुलाई, 2026 से शुरू हो सकता है। इसके साथ ही, Tata Power ने Dorjilung Hydro Power Project के लिए एक महत्वपूर्ण जॉइंट वेंचर (JV) को भी मंज़ूरी दे दी है। इस प्रोजेक्ट में कुल ₹1,572 करोड़ तक का प्रस्तावित निवेश होगा, जिसमें से ₹50 करोड़ की शुरुआती राशि जारी कर दी गई है।
आर्बिट्रेशन अवार्ड का बड़ा जोखिम अभी भी बना हुआ है
जहां एक ओर नतीजे उत्साहजनक हैं, वहीं कंपनी एक बड़े कानूनी जोखिम का सामना कर रही है। जुलाई/अगस्त 2025 में सिंगापुर इंटरनेशनल आर्बिट्रेशन सेंटर (SIAC) ने Tata Power के खिलाफ USD 490,320,000 (अनुमानित ₹4,000 करोड़ से अधिक) प्लस लागत का प्रतिकूल फैसला सुनाया था। कंपनी ने इस फैसले के खिलाफ अपील दायर की है, लेकिन अगर यह अपील सफल नहीं होती है, तो यह कंपनी के भविष्य के लिए एक बड़ा झटका साबित हो सकता है। ख़ास बात यह है कि मौजूदा नतीजों में इस संभावित देनदारी के लिए कोई भी प्रोविज़न (Provision) नहीं किया गया है।
