JSW Energy ने अपना अब तक का सबसे मजबूत फाइनेंशियल ईयर दर्ज किया है। कंपनी ने ₹18,901.13 करोड़ के रिकॉर्ड रेवेन्यू और ₹11,041 करोड़ के रिकॉर्ड EBITDA के साथ ₹4,359 करोड़ का नेट प्रॉफिट (PAT) हासिल किया है। यह कंपनी के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।
इस दमदार प्रदर्शन को देखते हुए, JSW Energy के बोर्ड ने शेयरधारकों को 20% डिविडेंड (यानी ₹2 प्रति शेयर) देने की सिफारिश की है। इस प्रस्ताव को शेयरधारकों की मंजूरी मिलने के बाद अंतिम रूप दिया जाएगा।
कंपनी की इंस्टॉल्ड कैपेसिटी में भी शानदार बढ़ोतरी हुई है। फाइनेंशियल ईयर 2026 के अंत तक, कुल कैपेसिटी बढ़कर 13.45 GW हो गई है, जिसमें FY26 के दौरान 2,579 MW की कैपेसिटी जोड़ी गई।
JSW Energy ने अपने रिन्यूएबल एनर्जी पोर्टफोलियो को मजबूत करने के लिए हाल ही में Mytrah Energy के एसेट्स (1.75 GW) का अधिग्रहण किया था। इसके अलावा, GMR Kamalanga Energy Ltd (GKEL) के अधिग्रहण से कंपनी की थर्मल पावर कैपेसिटी भी बढ़ी है।
कंपनी ग्रीन हाइड्रोजन, बैटरी असेंबली जैसे भविष्य के एनर्जी सोर्सेज में भी निवेश कर रही है, जो इसकी ग्रोथ स्ट्रेटेजी का अहम हिस्सा है।
हालांकि, JSW Energy पावर सेक्टर के सामान्य जोखिमों, जैसे कि तेजी से विस्तार के दौरान आने वाली चुनौतियां और मार्केट की कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करती है। प्रोजेक्ट्स की टाइमलाइन और लागत को लेकर जोखिम बने रहते हैं।
JSW Energy, NTPC Ltd, Tata Power Company Ltd, और Adani Power Ltd जैसे बड़े प्लेयर्स के साथ प्रतिस्पर्धा में है। उदाहरण के लिए, Tata Power ने FY24 में ₹45,727 करोड़ का रेवेन्यू और ₹3,084 करोड़ का PAT दर्ज किया था।
31 मार्च, 2026 तक, JSW Energy का नेट डेट ₹65,834 करोड़ था, जबकि कंसॉलिडेटेड नेट वर्थ ₹30,752 करोड़ रही।
निवेशक अब 9 जुलाई, 2026 को होने वाली 32nd Annual General Meeting (AGM) में डिविडेंड पर होने वाली वोटिंग का इंतजार कर रहे हैं। साथ ही, नए प्रोजेक्ट्स, ग्रीन हाइड्रोजन प्लांट के विकास और भविष्य की कैपेसिटी एक्सपेंशन योजनाओं पर कंपनी के अपडेट्स पर भी नजर रखेंगे।
