Zydus Wellness FY26: कर्ज़ की मार, मुनाफे पर 43% की सेंध
Zydus Wellness ने फाइनेंशियल ईयर 2026 (FY26) में अपने कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में 46.22% की शानदार छलांग लगाते हुए इसे ₹3,961 करोड़ तक पहुंचा दिया। यह ग्रोथ मुख्य रूप से कंपनी द्वारा किए गए अधिग्रहण (Acquisitions) के कारण हुई। हालांकि, भारी भरकम ₹3,034.9 करोड़ के नए कर्ज़ के चलते कंपनी का नेट प्रॉफिट 43.15% लुढ़ककर ₹197.2 करोड़ पर आ गया, जो पिछले साल ₹346.9 करोड़ था।
अधिग्रहण से रेवेन्यू में उछाल, लेकिन कर्ज़ बना सिरदर्द
कंपनी के रेवेन्यू में आई यह बड़ी तेजी Comfort Click Limited (CCL) और NIPL जैसी कंपनियों के अधिग्रहण के कारण संभव हुई। इन अधिग्रहणों ने कंपनी का मार्केट कवरेज बढ़ाया। लेकिन, इस विस्तार के साथ ही कंपनी पर कर्ज़ का बोझ भी काफी बढ़ गया। मार्च 2026 तक कंपनी का कंसोलिडेटेड बोरिंग (Borrowings) लगभग शून्य से बढ़कर ₹3,034.9 करोड़ (यानी ₹30,349 मिलियन) तक पहुँच गया।
फाइनेंसियल कॉस्ट में भारी इज़ाफ़ा
इस बड़े कर्ज़ के सीधे असर के तौर पर कंपनी की फाइनेंसियल कॉस्ट (Finance Costs) में जबरदस्त इज़ाफ़ा देखने को मिला। FY26 के लिए फाइनेंसियल कॉस्ट ₹12.0 मिलियन से बढ़कर ₹98.10 करोड़ हो गई। यह भारी भरकम ब्याज खर्च कंपनी के कंसोलिडेटेड मुनाफे पर हावी हो गया, और यही वजह रही कि रेवेन्यू ग्रोथ के बावजूद नेट प्रॉफिट में 43% की बड़ी गिरावट दर्ज की गई।
स्टैंडअलोन नतीजों में सुधार और डिविडेंड
हालांकि, कंसोलिडेटेड नतीजों के उलट, पूरे फाइनेंशियल ईयर के लिए स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट में 26.60% का सुधार हुआ और यह ₹37.60 करोड़ पर पहुँच गया। Zydus Wellness के बोर्ड ने ₹1.20 प्रति शेयर के अंतिम डिविडेंड (Dividend) की सिफारिश की है।
निवेशकों का ध्यान अब कर्ज़ घटाने की रणनीति पर
बाजार के बड़े खिलाड़ी जैसे Hindustan Unilever, ITC, Dabur India और Marico, जो आम तौर पर कम कर्ज़ पर काम करते हैं, के विपरीत Zydus Wellness ने कर्ज़ के सहारे ग्रोथ का रास्ता चुना है। अब निवेशकों की नज़र कंपनी के मैनेजमेंट द्वारा कर्ज़ कम करने, डी-लिवरेजिंग (Deleveraging) और अधिग्रहित कंपनियों से पर्याप्त कैश फ्लो जेनरेट करने की रणनीति पर टिकी होगी, ताकि ब्याज खर्च को संभाला जा सके और अर्निंग्स पर शेयर (EPS) का दबाव कम हो। आने वाली अर्निंग कॉल में प्रॉफिट रिकवरी और डेट सर्व्सिंग (Debt Servicing) की समय-सीमा पर कंपनी का मार्गदर्शन महत्वपूर्ण होगा।