Kross Ltd Share Price: निवेशकों की चांदी! **31%** बढ़ा मुनाफा, पर कर्ज़ में आई भारी उछाल

CONSUMER-PRODUCTS
Whalesbook Corporate News Logo
AuthorAditi Chauhan|Published at:
Kross Ltd Share Price: निवेशकों की चांदी! **31%** बढ़ा मुनाफा, पर कर्ज़ में आई भारी उछाल
Overview

Kross Ltd ने साल 2026 के लिए अपने नतीजे पेश किए हैं। कंपनी की चौथी तिमाही (Q4) में नेट प्रॉफिट (Net Profit) **30.9%** बढ़कर **₹22.45 करोड़** पर पहुंच गया, जबकि रेवेन्यू (Revenue) में **21%** की बढ़ोतरी हुई। पूरे फाइनेंशियल ईयर (FY26) के लिए भी कंपनी का मुनाफा **15%** बढ़ा है।

Instant Stock Alerts on WhatsApp

Used by 10,000+ active investors

1

Add Stocks

Select the stocks you want to track in real time.

2

Get Alerts on WhatsApp

Receive instant updates directly to WhatsApp.

  • Quarterly Results
  • Concall Announcements
  • New Orders & Big Deals
  • Capex Announcements
  • Bulk Deals
  • And much more

Q4 के नतीजे और पूरे साल का प्रदर्शन

Kross Ltd की मार्च 2026 को समाप्त हुई तिमाही में स्टैंडअलोन टोटल इनकम ₹226.29 करोड़ रही, जबकि स्टैंडअलोन प्रॉफिट ₹22.45 करोड़ दर्ज किया गया। यह पिछले साल की समान अवधि की तुलना में प्रॉफिट में 30.92% की जोरदार बढ़ोतरी है। इसी अवधि में टोटल इनकम 21% बढ़ी।

पूरे फाइनेंशियल ईयर FY26 की बात करें तो, कंपनी की टोटल इनकम 8.27% बढ़कर ₹677.45 करोड़ हो गई। सालाना प्रॉफिट लगभग 15% की बढ़त के साथ ₹55.21 करोड़ रहा। इस साल कंपनी का Earnings Per Share (EPS) ₹8.56 रहा।

कंपनी के लिए अच्छी खबरें

इस मजबूत प्रदर्शन से सेल्स और प्रॉफिटेबिलिटी, दोनों में अच्छी ग्रोथ दिखती है। ऑडिटर की तरफ से दी गई क्लीन ऑडिट रिपोर्ट कंपनी की फाइनेंसियल रिपोर्टिंग में भरोसे को और बढ़ाती है। इसके अलावा, झारखंड हाई कोर्ट (Jharkhand High Court) के एक फैसले से Kross Ltd को फायदा हो सकता है। कोर्ट ने एक बिजली शुल्क (Electricity Levy) को रद्द कर दिया है, जिससे कंपनी को टैक्स रिकवरी का लाभ मिल सकता है।

कर्ज़ में बढ़ोतरी और इन्वेंटरी पर अपडेट

Kross Ltd मुख्य रूप से फुटवियर सेक्टर में काम करती है। फाइनेंशियल ईयर के दौरान एक अहम बात यह देखी गई कि कंपनी के नॉन-करंट बोरिंग्स (Non-current Borrowings) या लॉन्ग-टर्म डेट में काफी बढ़ोतरी हुई है। यह मार्च 2025 में ₹53.26 मिलियन से बढ़कर मार्च 2026 तक ₹291.42 मिलियन हो गया। वहीं, कंपनी ने तैयार माल (Finished Products) और वर्किंग प्रोग्रेस (Work in Progress) की इन्वेंटरी के वैल्यूएशन में भी कमी दिखाई है।

निवेशकों के लिए क्या हैं मायने?

शेयरधारकों को इस फाइनेंशियल ईयर में बेहतर प्रॉफिटेबिलिटी और हाई ईपीएस (EPS) देखने को मिला है। कोर्ट के अनुकूल फैसले से कंपनी की वित्तीय स्थिति मजबूत होगी। बढ़े हुए कर्ज से यह संकेत मिलता है कि कंपनी ग्रोथ इनिशिएटिव या विस्तार योजनाओं में निवेश कर सकती है। इन्वेंटरी वैल्यू में कमी स्टॉक मैनेजमेंट के अधिक कुशल होने का संकेत दे सकती है।

प्रमुख जोखिम और आगे की राह

लॉन्ग-टर्म डेट का ₹53.26 मिलियन से बढ़कर ₹291.42 मिलियन हो जाना, कंपनी की इन पेमेंट्स को मैनेज करने की क्षमता और कर्ज के फंड का प्रभावी ढंग से इस्तेमाल करने पर सवाल उठाता है। इन्वेंटरी लेवल्स का कुशल प्रबंधन भी एक अहम फोकस एरिया बना रहेगा। Kross Ltd भारत के फुटवियर मार्केट में Relaxo Footwears Ltd, Liberty Shoes Ltd, और Bata India Ltd जैसे स्थापित खिलाड़ियों से प्रतिस्पर्धा करती है। निवेशक अब मैनेजमेंट की स्ट्रेटेजी पर नज़र रखेंगे कि कैसे इस बढ़े हुए कर्ज का इस्तेमाल कंपनी की भविष्य की ग्रोथ में किया जाएगा।

Get stock alerts instantly on WhatsApp

Quarterly results, bulk deals, concall updates and major announcements delivered in real time.

Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.