कंसोलिडेटेड नतीजों में दमदार ग्रोथ
Yasho Industries ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर (FY26) के लिए अपने ऑडिटेड वित्तीय नतीजे जारी किए हैं। कंपनी ने कंसोलिडेटेड आधार पर ऑपरेशन्स से रेवेन्यू में पिछले साल की तुलना में 23% की जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की है, जो ₹830.03 करोड़ पर पहुंच गया। वहीं, कंसोलिडेटेड प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) में 277% का शानदार उछाल देखा गया, जो पिछले वित्तीय वर्ष के ₹9.01 करोड़ से बढ़कर ₹33.97 करोड़ हो गया।
एक्सपोर्ट्स ने बढ़ाई कंपनी की रफ्तार
कंपनी के इस बेहतरीन कंसोलिडेटेड प्रदर्शन का मुख्य कारण स्पेशियलिटी केमिकल्स की ग्लोबल डिमांड में मजबूती रही, खासकर ऑटोमोटिव और फूड एडिटिव्स जैसे सेक्टर्स में। यह व्यापक मार्केट रीच रेवेन्यू में बढ़ोतरी का एक महत्वपूर्ण कारक साबित हुई। कंसोलिडेटेड प्रॉफिटेबिलिटी में यह भारी उछाल कंपनी के ग्लोबल ऑपरेशन्स में प्रभावी मार्केट पेनेट्रेशन और ऑपरेशनल एफिशिएंसी को दर्शाता है। पिछले वित्तीय वर्ष (FY25) में, कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹675.64 करोड़ और PBT ₹9.01 करोड़ था।
स्टैंडअलोन परफॉर्मेंस में गिरावट
इसके विपरीत, कंपनी के स्टैंडअलोन ऑपरेशन्स ने FY26 में एक महत्वपूर्ण गिरावट का अनुभव किया। स्टैंडअलोन रेवेन्यू में लगभग 64% की कमी आई और यह ₹245.09 करोड़ रहा। हालांकि, कम रेवेन्यू के बावजूद, स्टैंडअलोन PBT 53% बढ़कर ₹12.74 करोड़ दर्ज किया गया। यह अंतर कंपनी के एक्सपोर्ट-ओरिएंटेड कंसोलिडेटेड बिजनेस और डोमेस्टिक स्टैंडअलोन सेगमेंट के बीच प्रदर्शन में भिन्नता को उजागर करता है।
डिविडेंड और बोर्ड गवर्नेंस
बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने शेयरधारकों की मंजूरी के अधीन, ₹0.50 प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड का प्रस्ताव दिया है। इसके अलावा, इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स श्री उल्लाल रवींद्र भट और श्री अनुराग सुरना की पांच साल के नए कार्यकाल के लिए पुनः नियुक्ति भी शेयरधारकों की मंजूरी के लिए लंबित है, जो बोर्ड की निगरानी और रणनीतिक दिशा में निरंतरता सुनिश्चित करेगी।