क्षमता विस्तार का बड़ा कदम: ₹30 करोड़ का निवेश
Gravita India ने अपने मौजूदा फागी, जयपुर प्लांट में लीड रीसाइक्लिंग की क्षमता को 42,000 टन प्रति वर्ष बढ़ाने की योजना बनाई है। इस विस्तार के लिए कंपनी ₹30 करोड़ का भारी निवेश करेगी, जिसका फंड कंपनी अपने कैश रिजर्व से करेगी। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने की उम्मीद जून 2026 के अंत तक है।
क्यों हो रहा है विस्तार?
यह कदम कंपनी के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह रीसाइक्लिंग इंडस्ट्री में Gravita India की पोजीशन को और मजबूत करेगा। इसके जरिए कंपनी टिकाऊ तरीके से तैयार किए गए लीड की बढ़ती वैश्विक और घरेलू मांग को पूरा करने का लक्ष्य रखेगी, जो बैटरी मैन्युफैक्चरिंग जैसे उद्योगों के लिए काफी जरूरी है।
कंपनी का विजन और पिछला प्रदर्शन
Gravita India सर्कुलर इकोनॉमी (Circular Economy) में एक अहम खिलाड़ी है, जो लीड, प्लास्टिक, एल्युमीनियम और कॉपर जैसी सामग्री का रीसाइकिल करती है। कंपनी भारत के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी कई रीसाइक्लिंग प्लांट चलाती है। हाल ही में, कंपनी ने दिसंबर 2023 में नेपाल में अपने लीड-एसिड बैटरी रीसाइक्लिंग क्षमता का विस्तार किया था।
निवेशकों पर क्या होगा असर?
इस विस्तार से शेयरधारकों (shareholders) को कंपनी के बढ़ते परिचालन (operational scale) और बढ़ी हुई रीसाइक्लिंग क्षमता से संभावित उच्च राजस्व (revenues) का लाभ मिल सकता है। Gravita India की यह पहल बैटरी निर्माताओं के लिए एक प्रमुख आपूर्तिकर्ता (supplier) के रूप में उसकी भूमिका को और पुख्ता करती है। कंपनी द्वारा आंतरिक फंड का इस्तेमाल यह दर्शाता है कि वह मजबूत कैश फ्लो जेनरेट कर रही है।
इंडस्ट्री के लिए क्यों अहम?
Gravita India का लीड रीसाइक्लिंग पर फोकस, Exide Industries और Amara Raja Energy & Mobility जैसे बड़े बैटरी निर्माताओं के ग्रोथ प्लान को सपोर्ट करता है। जहां ये कंपनियां बैटरी उत्पादन बढ़ा रही हैं, वहीं Gravita की क्षमता विस्तार से लीड जैसे मुख्य कच्चे माल की एक स्थिर, घरेलू आपूर्ति सुनिश्चित होगी।
कंपनी की वित्तीय स्थिति
फाइनेंशियल ईयर (FY) 2023-24 के लिए Gravita India ने कुल ₹4,027.4 करोड़ का रेवेन्यू (consolidated) दर्ज किया है। इसी अवधि में, कंपनी का नेट प्रॉफिट (Profit After Tax - PAT) ₹344.1 करोड़ (consolidated) रहा।
आगे क्या?
निवेशक जून 2026 की डेडलाइन तक प्रोजेक्ट के पूरा होने पर नजर रखेंगे। वे यह भी देखेंगे कि नई क्षमता का कितनी कुशलता से उपयोग किया जाता है और Gravita अपने ऑपरेशंस के लिए पर्याप्त स्क्रैप लीड हासिल कर पाती है या नहीं। बढ़ी हुई रीसाइकिल लीड आपूर्ति और उसकी कीमतों पर बाजार की प्रतिक्रियाएं भी महत्वपूर्ण होंगी।
