Avadh Sugar & Energy Ltd. के लिए फाइनेंशियल ईयर 2025-26 एक मजबूत साल रहा। कंपनी ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्त वर्ष के लिए ₹2,693.52 करोड़ का शानदार रेवेन्यू दर्ज किया, जिस पर ₹57.31 करोड़ का नेट प्रॉफिट हासिल हुआ।
बोर्ड के अहम फैसले:
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने 12 मई, 2026 को हुई मीटिंग में इन नतीजों को मंजूरी दी। सबसे खास बात यह है कि बोर्ड ने शेयरधारकों को ₹10 प्रति इक्विटी शेयर का फाइनल डिविडेंड देने की सिफारिश की है। इसके अलावा, कंपनी में कॉर्पोरेट गवर्नेंस को मजबूत करने के लिए श्री अमित दलाल को 12 मई, 2026 से पांच साल के लिए एक इंडिपेंडेंट डायरेक्टर (Independent Director) के तौर पर नियुक्त किया गया है। कॉस्ट ऑडिटर श्री सोमनाथ मुखर्जी को भी फाइनेंशियल ईयर 2026-27 के लिए फिर से चुना गया है, जो शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर करेगा।
निवेशकों के लिए क्या है खास:
₹10 का डिविडेंड सीधे तौर पर शेयरधारकों को कंपनी के प्रदर्शन का फायदा पहुंचाएगा। श्री अमित दलाल की नियुक्ति से बोर्ड की निगरानी और मजबूत होने की उम्मीद है।
चीनी उद्योग की चाल और एथेनॉल पर फोकस:
Avadh Sugar, चीनी उद्योग का हिस्सा है, जो खेती और मौसमी उतार-चढ़ाव पर काफी निर्भर करता है। कंपनी एथेनॉल उत्पादन क्षमता बढ़ाने पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है, जो सरकारी ईंधन मिश्रण पहलों के अनुरूप है।
जोखिम और खास बातें:
चीनी उद्योग की चक्रीय प्रकृति (cyclical nature) तिमाही नतीजों में बड़े बदलाव ला सकती है। इसके अलावा, 2025 के अंत में नए लेबर कोड लागू होने के कारण ₹210.26 लाख के कुछ विशेष खर्चे (exceptional items) भी FY2025-26 में दर्ज किए गए।
प्रतिस्पर्धी मैदान:
Avadh Sugar का मुकाबला Dhampur Sugar Mills Ltd., Triveni Engineering & Industries Ltd., और Balrampur Chini Mills Ltd. जैसी बड़ी कंपनियों से है, जिनके पास चीनी, एथेनॉल और बिजली उत्पादन में भी हिस्सेदारी है।
आगे क्या देखना होगा:
निवेशक आगामी AGM में प्रस्तावित डिविडेंड और श्री अमित दलाल की नियुक्ति पर शेयरधारकों की मंजूरी का इंतजार करेंगे। कंपनी की भविष्य की रणनीति, मौसमी उतार-चढ़ाव का प्रबंधन, एथेनॉल व्यवसाय, और नए लेबर कोड का लागत पर प्रभाव महत्वपूर्ण रहेगा।
