कंपनी ने दर्ज किया रिकॉर्ड सालाना मुनाफा!
Apcotex Industries ने पूरे वित्त वर्ष 2026 (FY26) के लिए ₹101 करोड़ का रिकॉर्ड नेट प्रॉफिट (Net Profit) दर्ज किया है। यह सालाना प्रदर्शन मजबूत मांग से प्रेरित था, भले ही चौथी तिमाही (Q4) में कुछ विशेष खर्चों के कारण प्रॉफिटेबिलिटी (profitability) पर असर पड़ा।
चौथी तिमाही के नतीजों पर एक नज़र
31 मार्च, 2026 को समाप्त हुई तीन महीनों की अवधि के लिए, कंपनी का रेवेन्यू (revenue) पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 14% बढ़कर ₹398 करोड़ हो गया। लेकिन, तिमाही के नेट प्रॉफिट में ₹18 करोड़ के एकमुश्त प्रोविज़न (one-off provisions) का बोझ पड़ा। इसमें ₹14 करोड़ कर्मचारी प्रोत्साहन (employee incentives) के लिए और ₹4 करोड़ राइट-ऑफ (impairment) के लिए शामिल थे। कंपनी ने बताया कि उन्होंने इस तिमाही में अपने नाइट्राइल लेटेक्स (Nitrile Latex) और NBR सेगमेंट में पूरी ऑपरेशनल कैपेसिटी (operational capacity) पर काम किया, भले ही भू-राजनीतिक घटनाओं (geopolitical events) के कारण कच्चे माल की सोर्सिंग (sourcing) में चुनौतियां आईं।
कंपनी की वित्तीय स्थिति और भविष्य की योजनाएं
Apcotex ने वित्त वर्ष 2026 का अंत एक मजबूत वित्तीय स्थिति के साथ किया, जिसमें लगभग ₹70 करोड़ का नेट कैश सरप्लस (net cash surplus) था।
भविष्य को देखते हुए, Apcotex अपनी उत्पादन क्षमता (production capacity) बढ़ा रहा है। कंपनी अपने नाइट्राइल रबर (NBR) की क्षमता को दोगुना करने की योजना बना रही है, जिसमें ₹300-400 करोड़ का निवेश होगा। इस विस्तार से उत्पादन वित्त वर्ष 2028 (FY28) की पहली तिमाही (Q1) तक शुरू होने की उम्मीद है। इसके अलावा, कंपनी अपनी इनोवेशन (innovation) क्षमताओं को बढ़ाने के लिए ₹20-25 करोड़ के निवेश से एक नया रिसर्च एंड डेवलपमेंट (R&D) सेंटर भी स्थापित करेगी। मैनेजमेंट का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2027 (FY27) में वॉल्यूम ग्रोथ (volume growth) "लो डबल-डिजिट" (low double-digit) में रह सकती है।
किन जोखिमों पर रखें नज़र?
- कच्चे माल की सोर्सिंग: मध्य पूर्व के बजाय चीन से कच्चे माल की सोर्सिंग करने पर लागत और लॉजिस्टिक्स (logistics) बढ़ सकते हैं।
- मांग पर असर: पेट्रोकेमिकल (petrochemical) और ऊर्जा की ऊंची कीमतें ऑटोमोटिव जैसे क्षेत्रों में लंबी अवधि में मांग को कम कर सकती हैं।
- चीनी प्रतिस्पर्धा: चीन के मैन्युफैक्चरर्स (manufacturers) तुर्की (Turkey) और मिस्र (Egypt) जैसे निर्यात बाजारों में दबाव बढ़ा रहे हैं, जिससे Apcotex के लिए फ्रेट कॉस्ट (freight costs) बढ़ रही है।
- कानूनी चुनौतियां: लंबित मुकदमों (pending lawsuits) के लिए प्रोविज़न (provisions) बताते हैं कि भविष्य में वित्तीय स्थिति को प्रभावित करने वाले कानूनी मुद्दे बने हुए हैं।
Apcotex specialty chemicals सेक्टर में एक महत्वपूर्ण खिलाड़ी है, जबकि Reliance Industries Ltd पेट्रोकेमिकल्स में बहुत बड़े पैमाने पर काम करती है। NOCIL Ltd रबर केमिकल्स का प्रमुख उत्पादक है।
