Sangam Finserv का FY26 में घाटा, कर्ज़ में भारी उछाल
Sangam Finserv Ltd के लिए फाइनेंशियल ईयर 2026 के नतीजे शेयरधारकों के लिए चिंता बढ़ाने वाले रहे हैं। कंपनी ने इस पूरे साल के लिए ₹547.98 लाख (यानी ₹5.48 करोड़) का नेट लॉस (Net Loss) दर्ज किया है। यह पिछले फाइनेंशियल ईयर (FY2025) में कमाए गए ₹659.72 लाख (₹6.60 करोड़) के मुनाफे के मुकाबले एक बड़ा उलटफेर है।
इस भारी उलटफेर का मुख्य कारण कंपनी के फाइनेंस कॉस्ट (Finance Costs) में आई भारी बढ़ोतरी है, जिसका सीधा असर प्रॉफिट पर पड़ा है। दरअसल, कंपनी ने अपने कर्ज़ (Borrowings) को दोगुना से भी ज़्यादा बढ़ा लिया है। मार्च 2026 के अंत तक कंपनी पर ₹5,397.90 लाख (₹53.98 करोड़) का कर्ज़ था, जो पिछले साल यानी FY2025 के अंत में ₹2,676.25 लाख था। वहीं, कुल संपत्ति (Total Assets) की बात करें तो यह बढ़कर ₹19,142.46 लाख (₹191.42 करोड़) तक पहुंच गई, जो पिछले साल ₹16,159.24 लाख थी।
इसके साथ ही, कंपनी के बोर्ड ने अपने ऑडिटर की नियुक्ति को अगले 5 सालों के लिए मंजूरी दे दी है। M/s O. P. Dad & Co. को FY2026-27 से FY2030-31 तक स्टेट्यूटरी ऑडिटर (Statutory Auditor) और M/s NVS & Co. को FY2026-27 के लिए इंटरनल ऑडिटर (Internal Auditor) के तौर पर फिर से नियुक्त किया गया है।
NBFC सेक्टर की कंपनियां अक्सर ग्रोथ के लिए फाइनेंसिंग पर निर्भर करती हैं। Sangam Finserv का बढ़ता कर्ज़ जहां कंपनी के विस्तार की ओर इशारा करता है, वहीं यह फाइनेंसिंग की लागत को भी बढ़ाता है। इस बढ़ते कर्ज़ का सही मैनेजमेंट कंपनी की फाइनेंशियल स्टेबिलिटी (Financial Stability) और प्रॉफिटेबिलिटी (Profitability) के लिए बेहद ज़रूरी हो जाता है। बता दें कि दिसंबर 2022 में SEBI ने कॉर्पोरेट गवर्नेंस (Corporate Governance) के उल्लंघन के मामले में कंपनी और इसके डायरेक्टर्स पर जुर्माना भी लगाया था, जो कंपनी के लिए एक पिछला जोखिम कारक रहा है।
