शेयरधारकों ने बढ़ाया भरोसा, पर एक डायरेक्टर की विदाई
RGF Capital Markets Ltd के शेयरधारकों ने 9 अप्रैल 2026 को हुई मीटिंग में कंपनी के वित्तीय भविष्य को मजबूत करने के प्रस्तावों पर मुहर लगा दी। शेयरधारकों ने बड़ी संख्या में प्रेफरेंशियल वारंट इश्यू (Preferential Warrant Issuance) के लिए 99.99999% और शेयर कैपिटल बढ़ाने (Increase in Share Capital) के लिए 99.71% वोट देकर अपनी मंजूरी दी। यह साफ संकेत है कि कंपनी अपने फंड्स को बढ़ाने की रणनीति पर काम कर रही है।
हालांकि, इसी मीटिंग में एक बड़ा झटका भी लगा। डायरेक्टर मिस्टर सनजीब दत्ता की दोबारा नियुक्ति के प्रस्ताव को शेयरधारकों का बहुमत नहीं मिला। उनके पक्ष में केवल 0.009% वोट आए, जबकि 99.35% वोट इसके खिलाफ थे।
मीटिंग के अहम नतीजे
इस EGM में दो बड़े फाइनेंशियल रेज़ोल्यूशन पास हुए, जिनमें ऑथराइज्ड शेयर कैपिटल को बढ़ाना और मेमोरेंडम ऑफ एसोसिएशन (MOA) में बदलाव करना शामिल था। दोनों को 99.71% वोटों से मंजूरी मिली। कंपनी ने प्रेफरेंशियल वारंट इश्यू के लिए 99.99999% वोट हासिल किए, जो एक बड़े कैपिटल इंजेक्शन का संकेत है।
बोर्ड में, मिसेज बसंती रॉय को इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर 99.71% वोटों से दोबारा चुना गया। लेकिन, मिस्टर सनजीब दत्ता की डायरेक्टर के तौर पर वापसी की कोशिश बुरी तरह नाकाम रही।
मीटिंग का अंत M/s. Arun Jain & Associates की कंपनी के स्टैट्युटरी ऑडिटर (Statutory Auditor) के तौर पर नियुक्ति के साथ हुआ, जिसे सभी की एकमत मंजूरी मिली।
आगे क्या उम्मीद करें?
शेयरधारकों द्वारा कैपिटल बढ़ाने और वारंट इश्यू को मंजूरी मिलने से RGF Capital Markets की वित्तीय स्थिति और मजबूत होगी, जिससे कंपनी विस्तार या बैलेंस शीट को दुरुस्त करने की दिशा में कदम बढ़ा सकती है। डायरेक्टरों की नियुक्ति पर मिले मिले-जुले नतीजे शेयरधारकों के अलग-अलग विचारों को दर्शाते हैं। मिसेज रॉय का कार्यकाल जारी रहना स्थिरता लाएगा, वहीं मिस्टर दत्ता का बाहर होना बोर्ड की गतिशीलता में बदलाव का संकेत देता है। M/s. Arun Jain & Associates के ऑडिटर बनने से कंपनी की वित्तीय निगरानी शुरू हो जाएगी।
