Piramal Finance: Q3 में 940% भागा मुनाफा! FY28 तक ₹1.5 लाख Cr AUM का बड़ा लक्ष्य

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Piramal Finance: Q3 में 940% भागा मुनाफा! FY28 तक ₹1.5 लाख Cr AUM का बड़ा लक्ष्य
Overview

Piramal Finance के निवेशकों के लिए अच्छी खबर है। कंपनी ने Q3 FY26 में अपने मुनाफे को **940%** उछालकर **₹401 करोड़** पर पहुँचा दिया है, और अब कंपनी ने वित वर्ष 2028 (मार्च 2028) तक अपने एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) को दोगुना कर **₹1.5 लाख करोड़** करने का बड़ा लक्ष्य रखा है।

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Q3 में मुनाफे में जबरदस्त तेजी

Piramal Finance ने Q3 FY26 में शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 940% बढ़कर ₹401 करोड़ रहा। वहीं, कंपनी का कुल एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) पिछले साल के मुकाबले 23% बढ़कर ₹96,690 करोड़ पर पहुंच गया है। कंपनी की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) में भी 31% की वृद्धि देखी गई और यह ₹1,227 करोड़ रही, जो कंपनी के मजबूत ऑपरेशनल परफॉर्मेंस को दर्शाता है।

रिटेल पर फोकस, ₹1.5 लाख करोड़ AUM का लक्ष्य

कंपनी ने वित वर्ष 2028 (मार्च 2028) तक अपने AUM को बढ़ाकर ₹1.5 लाख करोड़ करने की योजना बनाई है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए Piramal Finance अपनी रणनीति को 'हाई टेक + हाई टच' (High Tech + High Touch) मॉडल पर केंद्रित कर रही है, जिसका मतलब है कि कंपनी रिटेल-आधारित बिजनेस पर ज्यादा ध्यान देगी। इसके साथ ही, कंपनी अपने मौजूदा या लेगेसी एसेट्स (Legacy Assets) को कम करके बैलेंस शीट के जोखिम को भी घटाने पर काम कर रही है।

मजबूत क्रेडिट रेटिंग और भविष्य की योजनाएं

Piramal Finance की वित्तीय स्थिति में सुधार को देखते हुए, CRISIL और CARE Ratings जैसी प्रमुख रेटिंग एजेंसियों ने कंपनी की क्रेडिट रेटिंग को 'AA+/Stable' तक अपग्रेड किया है। कंपनी का लक्ष्य अपने रिटर्न ऑन एवरेज एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (RoAUM) को 3% से ऊपर ले जाना और स्थिर कमाई सुनिश्चित करना है। कंपनी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में निवेश करके अपनी ऑपरेशनल एफिशिएंसी बढ़ाने और कस्टमर एंगेजमेंट को बेहतर बनाने पर भी जोर दे रही है।

क्या रहेगा निवेशकों के लिए अहम?

  • रिटेल लेंडिंग पर बढ़ेगा फोकस, जिससे मार्जिन और आय में सुधार की उम्मीद है।
  • 'Wholesale 2.0' बुक को बढ़ाना ताकि बेहतर रिस्क मैनेजमेंट के साथ अधिक मुनाफे वाले कॉर्पोरेट लोन मिल सकें।
  • लेगेसी AUM को कम करने से नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (NPAs) का जोखिम घटेगा।
  • AI और टेक्नोलॉजी में निवेश से ऑपरेशनल एफिशिएंसी बढ़ेगी।
  • FY28 तक ₹1.5 लाख करोड़ AUM का लक्ष्य एक आक्रामक ग्रोथ प्लान दिखाता है।

चुनौतियां और प्रतिस्पर्धा

हालांकि, कंपनी को अपनी ग्रोथ योजनाओं को अमलीजामा पहनाने, टेक्नोलॉजी में बदलाव को अपनाने और बाजार के उतार-चढ़ाव से निपटने जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। अतीत में, कंपनी के एक पूर्व एमडी पर इनसाइडर ट्रेडिंग के आरोप को लेकर SEBI के साथ 2024 में एक सेटलमेंट भी हुआ था।

मार्केट में Piramal Finance को Bajaj Finance, HDFC Bank और Muthoot Finance जैसी बड़ी कंपनियों से कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ेगा, जो पहले से ही रिटेल लेंडिंग और टेक्नोलॉजी में काफी आगे हैं।

मुख्य वित्तीय आंकड़े:

  • Q3 FY26 में कंसोलिडेटेड PAT: ₹401 करोड़
  • Q3 FY26 तक कुल AUM: ₹96,690 करोड़ (+23% YoY)
  • Q3 FY26 में नेट इंटरेस्ट इनकम (NII): ₹1,227 करोड़ (+31% YoY)
  • Q3 FY26 तक नेट वर्थ: ₹27,872 करोड़
  • Q3 FY26 तक कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो (CAR): 20.3%
  • FY28 तक लक्ष्य AUM: ₹1.5 लाख करोड़

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Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.