बोर्ड मीटिंग में क्या हुआ?
15 मई, 2026 को हुई Palash Securities Limited की बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की मीटिंग में कंपनी के 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) के ऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स (Audited Financial Results) को मंजूरी दी गई।
नए ऑडिटर और इंटरनल ऑडिटर की नियुक्ति
कंपनी के गवर्नेंस (Governance) को और बेहतर बनाने के मकसद से Singhi & Co. को अगले 5 साल के लिए नया स्टेटुटरी ऑडिटर (Statutory Auditor) चुना गया है। इसके साथ ही, M. Parasrampuria & Co. को फाइनेंशियल ईयर 2026-27 के लिए इंटरनल ऑडिटर (Internal Auditor) के तौर पर नियुक्त किया गया है।
FY26 का फाइनेंशियल परफॉरमेंस
Palash Securities ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए ₹1,171.68 लाख, यानी ₹11.72 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (Consolidated Net Profit After Tax) दर्ज किया है। वहीं, स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट आफ्टर टैक्स ₹236.08 लाख या ₹2.36 करोड़ रहा। कंसोलिडेटेड प्रॉफिट में बढ़ोतरी दिख रही है, लेकिन कंपनी की एक एसोसिएट कंपनी (Associate Company) से जुड़ा एक बड़ा रिस्क (Risk) है जिस पर ध्यान देने की ज़रूरत है।
MFL की गोइंग कन्सर्न (Going Concern) रिस्क
सबसे बड़ी चिंता एसोसिएट कंपनी Morton Foods Limited (MFL) की फाइनेंशियल हेल्थ (Financial Health) को लेकर है। 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए साल में MFL ने ₹1,668.76 लाख का नेट लॉस बिफोर टैक्स (Net Loss Before Tax) झेला है। MFL का नेट वर्थ (Net Worth) काफी कम हो गया है, जिससे यह सवाल खड़ा हो गया है कि क्या वह एक गोइंग कन्सर्न (यानी एक चलती-फिरती कंपनी) के तौर पर काम करना जारी रख पाएगी। इस स्थिति का Palash Securities पर भी असर पड़ सकता है।
निवेशकों के लिए क्या है खास?
आने वाली एनुअल जनरल मीटिंग (Annual General Meeting) में शेयरहोल्डर्स (Shareholders) द्वारा Singhi & Co. की नियुक्ति को मंजूरी दी जाती है या नहीं, इस पर निवेशकों की नजर रहेगी। MFL के संबंध में कंपनी के भविष्य के फाइनेंशियल परफॉरमेंस और किसी भी स्ट्रेटेजिक (Strategic) फैसले पर कड़ी निगाह रखी जाएगी। इसके अलावा, नए ऑडिटर्स रिपोर्टिंग (Reporting) और कंप्लायंस (Compliance) को बेहतर बनाने में कितने प्रभावी साबित होते हैं, यह देखना भी अहम होगा।