Q3 FY26 में Milgrey Finance & Investments Ltd का प्रदर्शन चिंताजनक रहा। कंपनी अपने मुख्य ऑपरेशंस (operations) से शून्य (0) रेवेन्यू दर्ज करने में ही सिमट गई। नतीजतन, कंपनी को इस तिमाही में ₹0.076 लाख का नेट लॉस (Net Loss) झेलना पड़ा। यह पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले रेवेन्यू में 100% की गिरावट है।
मगर, जब हम 9 महीनों के आंकड़े देखते हैं, तो तस्वीर थोड़ी अलग दिखती है। 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हुई 9 महीने की अवधि में, Milgrey Finance ने ₹104.050 लाख का नेट प्रॉफिट (Net Profit) कमाया है। यह पिछले फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) की इसी अवधि के ₹65.040 लाख के मुकाबले 132.46% की भारी बढ़त है। कंपनी ने खुद बताया है कि यह ग्रोथ पूरी तरह से 'Other Income' यानी 'अन्य आय' के चलते हुई है।
Milgrey Finance एक नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC) के तौर पर काम करती है, जिसका मुख्य काम लेंडिंग (lending) और इन्वेस्टमेंट (investment) एक्टिविटीज से जुड़ा होता है। लेकिन, नए वित्तीय नतीजे बताते हैं कि कंपनी का मुनाफे का मॉडल पारंपरिक आय के बजाय 'Other Income' पर बहुत ज्यादा निर्भर हो गया है। ऐसे में, कंपनी का प्रदर्शन बाहरी बाजार की स्थितियों और गैर-परिचालन आय में उतार-चढ़ाव के प्रति अधिक संवेदनशील हो जाता है। तुलना के लिए, Poonawalla Fincorp Ltd और Edelweiss Financial Services Ltd जैसी अन्य NBFCs आमतौर पर अपने मुख्य लेंडिंग और फाइनेंशियल सर्विस ऑपरेशंस से काफी रेवेन्यू जेनरेट करती हैं।
इस अवधि के लिए मुख्य मेट्रिक्स (Metrics) में शामिल हैं:
- Q3 FY26 के लिए टोटल रेवेन्यू (Total Revenue) में साल-दर-साल (YoY) ग्रोथ -100.00% (स्टैंडअलोन) रही।
- 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हुई 9 महीनों की अवधि के लिए टोटल रेवेन्यू (Total Revenue) में साल-दर-साल (YoY) ग्रोथ 132.46% (स्टैंडअलोन) रही।