Easy Fincorp Ltd ने हाल ही में यह घोषणा की है कि उसे वित्तीय वर्ष 2026 तक के लिए दो महत्वपूर्ण अनुपालन रिपोर्ट, यानी एनुअल सेक्रेटेरियल कंप्लायंस रिपोर्ट और कॉर्पोरेट गवर्नेंस रिपोर्ट, दाखिल करने से छूट दी गई है।
यह राहत SEBI (सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया) के उन नियमों के तहत मिली है, जिनके अनुसार कुछ खास पैरामीटर्स से कम पूंजी वाली कंपनियों को इन विस्तृत रिपोर्टों से छूट मिल जाती है।
आंकड़ों की बात करें तो, 31 मार्च 2026 तक कंपनी का पेड-अप इक्विटी शेयर कैपिटल ₹4.99 करोड़ और नेट वर्थ ₹1.54 करोड़ रहा। ये दोनों आंकड़े SEBI के लिस्टिंग ऑब्लिगेशन्स एंड डिस्क्लोजर रिक्वायरमेंट्स (LODR) रेगुलेशन के तहत इन रिपोर्टों को अनिवार्य रूप से फाइल करने की सीमा से नीचे हैं।
SEBI के सामान्य नियमों के मुताबिक, ₹10 करोड़ से कम पेड-अप शेयर कैपिटल वाली सूचीबद्ध कंपनियों को आमतौर पर एनुअल सेक्रेटेरियल कंप्लायंस रिपोर्ट नहीं देनी होती। इसी तरह, कॉर्पोरेट गवर्नेंस की रिपोर्टिंग की जरूरतें भी कंपनी के आकार के हिसाब से तय होती हैं, जिसका मतलब है कि छोटी लिस्टेड फर्मों पर कम सख्त डिस्क्लोजर की पाबंदियां होती हैं।
Easy Fincorp ने यह भी कहा है कि अगर भविष्य में कंपनी का पेड-अप कैपिटल या नेट वर्थ बढ़ता है और वह SEBI द्वारा निर्धारित तय सीमा को पार कर जाता है, तो वे छह महीने के भीतर इन रिपोर्टिंग आवश्यकताओं का पालन करने के लिए तैयार रहेंगे।
फिलहाल, शेयरधारकों को FY26 के लिए ये विस्तृत रिपोर्ट देखने को नहीं मिलेंगी। निवेशकों को कंपनी की भविष्य की फाइलिंग्स पर नजर रखनी चाहिए ताकि यह पता चल सके कि कंपनी के पेड-अप कैपिटल या नेट वर्थ में कब वृद्धि होती है और ये आंकड़े रिपोर्टिंग के आवश्यक स्तरों के करीब कब पहुंचते हैं।