SEBI के नियमों के तहत, डेजिग्नेटेड पर्सन्स के लिए बैंक की ट्रेडिंग विंडो 1 अप्रैल 2026 से बंद है और यह नतीजों की आधिकारिक घोषणा के 48 घंटे बाद ही खुलेगी।
शेयरहोल्डर्स और एनालिस्ट्स बैंक के FY26 के परफॉरमेंस का पूरा आकलन करेंगे। उन्हें नेट प्रॉफिट, नेट इंटरेस्ट इनकम (NII), नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM), और एसेट क्वालिटी जैसे ग्रॉस एनपीए (GNPA) और नेट एनपीए (NNPA) जैसे अहम मैट्रिक्स पर बारीकी से नजरें होंगी। यह नतीजे बैंक के अगले फाइनेंशियल ईयर के वैल्यूएशन और आउटलुक को तय करने में मदद करेंगे।
पिछले नतीजों पर नजर डालें तो, Q3 FY26 (31 दिसंबर 2025 को समाप्त तिमाही) में Dhanlaxmi Bank ने ₹65.06 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया था, जो पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 17.7% ज्यादा था। इसी दौरान नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) 10.4% बढ़कर ₹326.79 करोड़ हो गई थी, जबकि नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) 3.25% पर स्थिर रहा। बैंक की ग्रॉस एनपीए 4.93% और नेट एनपीए 2.35% पर थे।
पूरे FY25 (31 मार्च 2025 को समाप्त) के लिए, बैंक ने ₹233.44 करोड़ का नेट प्रॉफिट घोषित किया था, जो पिछले साल से 44.6% अधिक था। NII में 13.7% की बढ़ोतरी के साथ यह ₹1,273.08 करोड़ रहा।
यह बैंक, जिसका मुख्यालय केरल के थ्रिस्सूर में है, 500 से अधिक ब्रांच और एटीएम का नेटवर्क संचालित करता है। यह रिटेल बैंकिंग, SME लेंडिंग और ट्रेजरी ऑपरेशंस पर फोकस करता है। मैनेजमेंट कमेंट्री पर भी खास नजर रहेगी, खासकर भविष्य के जोखिमों, इंटरेस्ट रेट वोलेटिलिटी, क्रेडिट रिस्क मैनेजमेंट और कैपिटल एडिक्वेसी जैसे मुद्दों पर।
Dhanlaxmi Bank का मुकाबला City Union Bank, Federal Bank, South Indian Bank और Karur Vysya Bank जैसे बैंकों से है, जिनके साथ यह समान क्षेत्रीय फोकस और मार्केट डायनामिक्स साझा करता है।
