निवेशकों के लिए अच्छी खबर: ₹0.60 प्रति शेयर डिविडेंड
Central Bank of India ने अपने शेयरधारकों को खुश करने का ऐलान किया है। बैंक के बोर्ड ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए ₹0.60 प्रति शेयर के अंतरिम डिविडेंड की घोषणा की है। यह घोषणा 30 अप्रैल, 2026 को हुई बोर्ड मीटिंग में की गई। इस डिविडेंड के लिए 8 मई, 2026 को रिकॉर्ड डेट तय की गई है, यानी इस तारीख तक जिन शेयरधारकों के नाम रजिस्टर में होंगे, उन्हें डिविडेंड का लाभ मिलेगा।
मजबूत नतीजे दे रहे डिविडेंड का सहारा
यह डिविडेंड बैंक की शानदार वित्तीय परफॉर्मेंस को दर्शाता है। हाल ही में, Central Bank of India ने पूरे फाइनेंशियल ईयर 2024-25 में 48.49% की जोरदार बढ़त के साथ ₹3,785 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया था। बैंक की कैपिटल एडिक्वेसी 17.02% पर मजबूत बनी हुई है। इसके अलावा, FY2025-26 की तीसरी तिमाही में नेट प्रॉफिट 30.9% बढ़कर ₹1264.79 करोड़ रहा, वहीं चौथी तिमाही में भी प्रॉफिट 28.13% की तेजी के साथ ₹1,034 करोड़ तक पहुंच गया था।
रेगुलेटरी जांच और भविष्य की चुनौतियां
हालांकि, डिविडेंड की यह अच्छी खबर कुछ चिंताओं को भी जन्म देती है। निवेशकों की नज़र सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया पर चल रही रेगुलेटरी जांच पर भी है। मार्च 2026 में, भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने KYC और BSBDA नियमों के उल्लंघन के चलते बैंक पर ₹63.60 लाख का जुर्माना लगाया था। इससे पहले जून 2024 में भी 'लोन और एडवांसेज' तथा 'कस्टमर प्रोटेक्शन' निर्देशों के उल्लंघन पर ₹1.45 करोड़ का जुर्माना लगाया गया था। यह भी याद रखना महत्वपूर्ण है कि बैंक पहले RBI के प्रॉम्प्ट करेक्टिव एक्शन (PCA) फ्रेमवर्क के तहत भी काम कर चुका है, जिसमें डिविडेंड भुगतान पर प्रतिबंध शामिल थे। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, बैंक के नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) पर भी दबाव देखा जा रहा है।
पब्लिक सेक्टर बैंकों के बीच मुकाबला
एक पब्लिक सेक्टर बैंक के तौर पर, Central Bank of India का मुकाबला State Bank of India (SBI), Bank of Baroda और Punjab National Bank (PNB) जैसे दिग्गजों से है। ये बैंक भी अपनी लाभप्रदता के आधार पर डिविडेंड की घोषणा करते हैं। जहां पब्लिक सेक्टर बैंकों ने कुल मिलाकर अच्छा प्रॉफिट ग्रोथ दिखाया है, वहीं कुछ बैंकों के नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIMs) में कमी देखी गई है। बैंकिंग सेक्टर में सामान्य डिविडेंड यील्ड 2% से 4% के बीच रहती है।
