Capri Global Capital Ltd ने फाइनेंशियल ईयर 2026 (FY26) के नतीजे जारी कर दिए हैं, जिसमें कंपनी का प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹9,486 मिलियन (₹948.6 करोड़) रहा। इसी अवधि में, कंपनी का एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) बढ़कर ₹366,233 मिलियन (₹36,623.3 करोड़) हो गया है।
ये आंकड़े तो बस शुरुआत हैं! कंपनी ने साल 2028 तक अपने AUM को बढ़ाकर ₹550 अरब (₹55,000 करोड़) तक ले जाने का धमाकेदार लक्ष्य रखा है। इस महत्वाकांक्षी योजना के साथ, Capri Global का इरादा अपने एवरेज इक्विटी पर रिटर्न (RoAE) को 16% से 18% के बीच बनाए रखने का है।
इस बड़े लक्ष्य को हासिल करने के लिए, Capri Global अपनी विस्तार की रणनीति पर काम कर रही है। इसमें नए प्रोडक्ट्स लॉन्च करना, नए भौगोलिक क्षेत्रों में पैर पसारना और टेक्नोलॉजी का बेहतर इस्तेमाल शामिल है। कंपनी का लक्ष्य NBFC सेक्टर में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाना है।
हाल के वर्षों में, Capri Global ने अपने AUM में लगातार बढ़ोतरी की है। इसके लिए कंपनी ने क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (QIP) और डेट इश्यू के जरिए पूंजी जुटाई है, जो इसके विस्तार को फंड करने में मदद कर रही है।
कंपनी अपनी ग्रोथ को रफ्तार देने के लिए टेक्नोलॉजी में निवेश बढ़ाएगी और अपने ब्रांच नेटवर्क का विस्तार करेगी। साथ ही, कस्टमर बेस बढ़ाकर और क्रॉस-सेलिंग के जरिए फी इनकम (Fee Income) बढ़ाने पर भी जोर दिया जाएगा।
मुख्य वित्तीय आंकड़े (FY26):
- एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM): ₹366,233 मिलियन
- प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT): ₹9,486 मिलियन
- कुल उधारी (Total Borrowings): ₹241,121 मिलियन
- नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM): 8.6%
आगे क्या देखना होगा:
- कंपनी प्रोडक्ट डायवर्सिफिकेशन और भौगोलिक विस्तार की योजना पर कितनी तेजी से आगे बढ़ती है।
- FY28 तक ₹550 अरब AUM के लक्ष्य को पूरा करने की दिशा में प्रगति।
- लगातार ग्रोथ के बीच लक्ष्य RoAE 16-18% बनाए रखने की क्षमता।
- उधार की लागत और लायबिलिटी मैनेजमेंट की रणनीतियाँ।
- टेक्नोलॉजी को अपनाने और एफिशिएंसी बढ़ाने में इसका प्रभाव।
