बोर्ड में बनी रहेगी निरंतरता
Bajaj Finance के बोर्ड ने नॉन-एग्जीक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर प्रमित झावेरी के कार्यकाल को अगले पांच साल के लिए बढ़ा दिया है। उनकी नई पांच साल की टर्म 1 अगस्त 2026 से शुरू होकर 31 जुलाई 2031 तक चलेगी। इस विस्तार को शेयरधारकों की मंजूरी की आवश्यकता होगी, जिसके लिए एक स्पेशल रेजोल्यूशन लाया जाएगा। यह नियुक्ति कंपनी के बोर्ड में स्थिरता लाने और झावेरी की बैंकिंग और फाइनेंस के क्षेत्र में व्यापक विशेषज्ञता का फायदा उठाने के लिए की गई है।
प्रमित झावेरी का विस्तृत अनुभव
प्रमित झावेरी फाइनेंशियल सर्विसेज के क्षेत्र में एक अनुभवी पेशेवर हैं। उन्होंने 2010 से 2019 तक Citibank India के सीईओ के रूप में कार्य किया और उस दौरान एशिया पैसिफिक के लिए सिटी के वाइस चेयरमैन - बैंकिंग भी रहे। वर्तमान में, वह Premji Invest और PJT Partners के एडवाइजर के तौर पर भी अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इसके अलावा, वह Larsen & Toubro Ltd. और Bajaj Finserv Ltd. जैसी प्रमुख कंपनियों के बोर्ड में भी शामिल हैं।
गवर्नेंस और ओवरसाइट को मजबूती
इस पुनर्नियुक्ति से Bajaj Finance की अपने बोर्ड लीडरशिप में स्थिरता बनाए रखने और स्वतंत्र निगरानी (independent oversight) सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता दिखती है। झावेरी की वित्तीय बाजारों और कॉर्पोरेट गवर्नेंस की गहरी समझ कंपनी की रणनीतिक दिशा के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है।
नियामकीय माहौल और पिछे की चिंताएं
हालांकि यह पुनर्नियुक्ति एक नियमित गवर्नेंस प्रक्रिया है, लेकिन निवेशकों को कुछ पिछली नियामकीय कार्रवाइयों की भी याद आ सकती है। नवंबर 2023 में, भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने Bajaj Finance को डिजिटल लेंडिंग गाइडलाइंस का पालन न करने के कारण कुछ प्रोडक्ट्स के लिए लोन बांटने पर रोक लगाने का निर्देश दिया था। इसके अतिरिक्त, Citibank India के सीईओ के रूप में झावेरी के कार्यकाल के दौरान, जनवरी 2019 में 'फिट एंड प्रॉपर' क्राइटेरिया में कमी को लेकर बैंक पर RBI ने जुर्माना लगाया था।
एनबीएफसी सेक्टर में गवर्नेंस का महत्व
अनुभवी इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स एनबीएफसी (Non-Banking Financial Company) सेक्टर में मजबूत कॉर्पोरेट गवर्नेंस के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। Shriram Finance और Muthoot Finance जैसी कंपनियां भी अपनी रणनीतिक दिशा और नियामकीय अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए अनुभवी इंडिपेंडेंट बोर्ड सदस्यों पर भरोसा करती हैं।
अगली राह
झावेरी का नया पांच साल का कार्यकाल 1 अगस्त 2026 से शुरू होगा। इस बीच, कंपनी शेयरधारकों से एक स्पेशल रेजोल्यूशन के माध्यम से उनकी निरंतरता के लिए मंजूरी हासिल करेगी।
