Apollo Finvest के FY26 के नतीजे: रिटेल लेंडिंग ने दिलाई बंपर ग्रोथ!
Apollo Finvest India Ltd ने अपने नए फाइनेंशियल ईयर (FY26) के शानदार नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी ने 31 मार्च 2026 तक के अपने ऑडिटेड आंकड़ों में ₹23.2 करोड़ की कुल आय हासिल की, जिस पर ₹10.4 करोड़ का प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) दर्ज किया गया। यह पिछले फाइनेंशियल ईयर के मुकाबले PBT में 6.23% की बढ़ोतरी दर्शाता है।
रिटेल लेंडिंग बुक में आई तूफानी तेजी
इस बार Apollo Finvest की ग्रोथ का सबसे बड़ा इंजन रिटेल लेंडिंग बुक रही। कंपनी की रिटेल लेंडिंग का हिस्सा Q3 FY26 में 24% था, जो Q4 FY26 तक बढ़कर 51% पर पहुंच गया। यह ज़बरदस्त उछाल कंपनी के लिए एक बड़ी सफलता है और मुनाफे का मुख्य जरिया साबित हुई।
कंट्रोल्ड लेंडिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर फोकस
रिटेल लेंडिंग के अलावा, Apollo Finvest अपने कंट्रोल्ड लेंडिंग मॉडल्स, खासकर वेयरहाउसिंग में भी अच्छा कर रही है। इस सेगमेंट में ₹30 करोड़ से ज़्यादा का डिस्बर्सल किया जा चुका है। कंपनी 'Apollo Cash' नाम के अपने डिजिटल प्लेटफॉर्म को भी लगातार बेहतर बना रही है। इसका मकसद डेटा का इस्तेमाल करके लोन अप्रूवल और डिस्बर्सल प्रोसेस को तेज़ करना और ऑपरेशनल एफिशिएंसी बढ़ाना है।
निवेशकों के लिए आगे की राह
आगे चलकर, Apollo Finvest अपने रिटेल बॉरोअर पोर्टफोलियो को और विविध बनाने पर ध्यान देगी। साथ ही, कंपनी लंबी अवधि के कस्टमर रिलेशनशिप्स बनाने पर ज़ोर देगी ताकि एक स्टेबल एसेट बेस तैयार हो सके। कंट्रोल्ड लेंडिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर कंपनी का स्ट्रैटेजिक फोकस लगातार ग्रोथ और प्रॉफिटेबिलिटी को सपोर्ट करेगा।
कॉम्पिटिटिव लैंडस्केप
Apollo Finvest नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC) सेक्टर में काम करती है। इस सेक्टर में इसके कुछ प्रमुख कॉम्पिटिटर्स में श्रीराम फाइनेंस लिमिटेड, चोलामंडलम इन्वेस्टमेंट एंड फाइनेंस कंपनी लिमिटेड और एमएएस फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड जैसी कंपनियां शामिल हैं।
FY26 के मुख्य परफॉरमेंस मेट्रिक्स:
- कुल आय: ₹23.20 करोड़
- प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT): ₹10.40 करोड़
- नेट प्रॉफिट मार्जिन: 29.96%
- रिटेल लोन बुक का शेयर: 24% (Q3 FY26) से बढ़कर 51% (Q4 FY26) हुआ
- वेयरहाउसिंग डिस्बर्सल: ₹30 करोड़ से ज़्यादा
