नंबर्स ने मचाया धमाल!
Mahindra & Mahindra ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) के लिए अपने ऑडिटेड नतीजे घोषित कर दिए हैं। कंपनी ने ₹1,98,638.55 करोड़ का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू दर्ज किया, और सबसे खास बात यह है कि इसका नेट प्रॉफिट (Net Profit) ₹17,098.85 करोड़ रहा। यह आंकड़े कंपनी की मजबूत परफॉरमेंस को दर्शाते हैं।
शेयरधारकों के लिए डिविडेंड का बड़ा ऐलान
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने ₹33 प्रति ऑर्डिनरी शेयर के फाइनल डिविडेंड (Final Dividend) की सिफारिश की है। यह पिछले साल के ₹25.3 प्रति शेयर से एक बड़ा उछाल है। इस डिविडेंड का पेआउट 660% है, जो निवेशकों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। कंपनी ने नए लेबर कोड से जुड़े रिटायरमेंट लाभों के कारण ₹292.94 करोड़ का एक असाधारण (Exceptional) आइटम भी दर्ज किया है।
मैनेजमेंट में हुए बदलाव
कंपनी ने एक महत्वपूर्ण नियुक्ति भी की है। 1 जुलाई, 2026 से श्री विमल अग्रवाल ग्रुप चीफ इंटरनल ऑडिटर (Group Chief Internal Auditor) का पद संभालेंगे। यह नियुक्ति K N Vaidyanathan के कार्यकाल के बाद होगी। कंपनी की 80वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 30 जुलाई, 2026 को निर्धारित है।
फाइनेंशियल हेल्थ और आगे की राह
Mahindra & Mahindra की मजबूती उसके मजबूत क्रेडिट प्रोफाइल में भी दिखती है। इसके फाइनेंशियल सर्विसेज आर्म को CRISIL, India Ratings, और CARE जैसी प्रमुख एजेंसियों से AAA/Stable रेटिंग मिली हुई है। कंपनी नए प्लेटफॉर्म्स और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी (Electric Mobility) में भी भारी निवेश कर रही है।
ऑटो सेक्टर पर नई नियमों का साया
हालांकि, ऑटो सेक्टर नई चुनौतियों का सामना कर रहा है। 1 अप्रैल, 2025 से लागू होने वाले नए एंड-ऑफ-लाइफ व्हीकल (ELV) रूल्स, 2025, उद्योग के लिए चिंता का विषय हैं। इन नियमों के तहत पुरानी गाड़ियों की बिक्री के लिए एक्सटेंडेड प्रोड्यूसर रिस्पॉन्सिबिलिटी (EPR) का पालन करना होगा, जिससे FY26 में उद्योग के मुनाफे पर ₹25,000 करोड़ तक का असर पड़ने का अनुमान है। इन नियमों के विस्तृत कार्यान्वयन और वित्तीय प्रभावों को लेकर अभी अनिश्चितता बनी हुई है।
कॉम्पिटिशन में आगे
Mahindra & Mahindra को ऑटो सेक्टर में कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ता है। Tata Motors खास तौर पर EV सेगमेंट में एक मजबूत प्रतिद्वंद्वी है, जबकि Maruti Suzuki पैसेंजर व्हीकल स्पेस में हावी है। फार्म इक्विपमेंट सेगमेंट में Escorts Kubota एक प्रमुख कॉम्पिटिटर है। सभी कंपनियां मार्केट में बदलाव, रेगुलेटरी परिवर्तनों और इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर बढ़ने की चुनौती से जूझ रही हैं।
Investors 80वीं AGM में डिविडेंड की मंजूरी, ELV रूल्स पर कंपनी की रणनीति, कॉम्पिटिटिव लैंडस्केप में विकास और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी पहलों पर प्रगति पर करीब से नज़र रखेंगे।
