Force Motors ने ऐलान किया है कि उसके बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की अहम बैठक 29 अप्रैल, 2026 को होने वाली है। इस मीटिंग का मुख्य एजेंडा 31 मार्च, 2026 को खत्म हुए फाइनेंशियल ईयर के कंपनी के ऑडिटेड वित्तीय नतीजों को फाइनल करना होगा। नतीजों के साथ-साथ, बोर्ड शेयरधारकों को डिविडेंड (Dividend) देने की सिफारिश पर भी विचार करेगा।
इस महत्वपूर्ण बैठक के चलते, कंपनी के शेयर्स के लिए ट्रेडिंग विंडो 1 मई, 2026 तक बंद रहेगी। निवेशक कंपनी के पूरे साल के फाइनेंशियल परफॉरमेंस और डिविडेंड की घोषणा का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। डिविडेंड का ऐलान, खासकर उसकी राशि, इनकम-केंद्रित निवेशकों के लिए एक बड़ा फैक्टर हो सकता है और यह बाजार की धारणा को भी प्रभावित कर सकता है। उम्मीद है कि 2 मई, 2026 को ट्रेडिंग विंडो खुलने के बाद सामान्य ट्रेडिंग गतिविधियां फिर से शुरू हो जाएंगी।
Force Motors भारत की एक जानी-मानी ऑटो मैन्युफैक्चरर कंपनी है, जो लाइट कमर्शियल व्हीकल्स (LCVs), यूटिलिटी व्हीकल्स (UVs), एसयूवी (SUVs), ट्रैक्टर और इंजन बनाती है। कंपनी BMW और Mercedes-Benz जैसे ग्लोबल ऑटो दिग्गजों को इंजन और कंपोनेंट्स की सप्लाई भी करती है।
कंपनी के पिछले फाइनेंशियल ईयर 2024-25 के नतीजे काफी शानदार रहे थे। इस दौरान नेट प्रॉफिट 106.3% बढ़कर ₹8,009 मिलियन (यानी ₹800.9 करोड़) हो गया था। वहीं, रेवेन्यू 15.6% की बढ़त के साथ ₹81,283 मिलियन (यानी ₹8128.3 करोड़) पर पहुंचा था, और कंपनी ने लॉन्ग-टर्म डेट में भी काफी कमी की थी।
Force Motors का इतिहास डिविडेंड देने का रहा है। हाल ही में कंपनी ने ₹40 प्रति शेयर का डिविडेंड दिया था, जो कि पिछले 5 सालों में 31.95% की डिविडेंड ग्रोथ रेट से समर्थित था।
हालांकि, यह भी ध्यान देने योग्य है कि SEBI (सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया) कंपनी के Q2 FY25 के फाइनेंशियल डिस्क्लोजर और फरवरी 2024 में स्टॉक की कीमतों में हुई हलचल को लेकर जांच कर रहा है। Force Motors ने साफ किया है कि इस जांच में कोई अनियमितता नहीं पाई गई है और इससे कंपनी पर कोई खास असर पड़ने की उम्मीद नहीं है।
निवेशक अब कंपनी के ऑडिटेड FY26 नतीजों की आधिकारिक घोषणा का इंतजार कर रहे हैं, जिसमें सेगमेंट-वाइज परफॉरमेंस का विस्तृत ब्यौरा शामिल होगा। डिविडेंड की राशि की पुष्टि भी एक अहम फोकस पॉइंट है।
