प्रेफरेंस शेयर्स की वापसी का पूरा प्लान
Uttam Sugar Mills ने बताया है कि वह दो किश्तों में प्रेफरेंस शेयर्स को रिडीम (Redeem) करेगी। इसमें 6.50% नॉन-क्युमुलेटिव रिडीमेबल प्रेफरेंस शेयर्स (60,000 यूनिट्स) शामिल हैं, जिनकी कीमत ₹0.60 करोड़ है। इसके अलावा, 10.00% नॉन-क्युमुलेटिव रिडीमेबल प्रेफरेंस शेयर्स (8,25,000 यूनिट्स) भी वापस किए जाएंगे, जिनकी कुल कीमत ₹16.50 करोड़ है। इस दूसरी किश्त में प्रति शेयर ₹100 का प्रीमियम भी शामिल है। इस तरह, कुल मिलाकर ₹17.10 करोड़ के प्रेफरेंस शेयर्स को खत्म किया जाएगा, जिससे कंपनी का प्रेफरेंस कैपिटल सीधे तौर पर कम होगा।
वित्तीय ढांचे को मिलेगी मजबूती
इन प्रेफरेंस शेयर्स को वापस लेने से Uttam Sugar Mills का वित्तीय ढांचा और भी मजबूत और सरल हो जाएगा। यह कंपनी के लिए अपने मौजूदा कांट्रैक्टुअल ऑब्लिगेशन्स (Contractual Obligations) को पूरा करने और देनदारियों को व्यवस्थित करने का एक तरीका है। कंपनी ने इससे पहले भी दिसंबर 2020 और अगस्त 2021 में प्रेफरेंस शेयर कैपिटल को कम किया है। मार्च 2026 तक रिडेम्पशन पीरियड बढ़ाने के लिए शेयरधारकों से मंजूरी भी मिल चुकी है।
कर्ज में भी आई बड़ी कमी
प्रेफरेंस शेयर्स के अलावा, Uttam Sugar Mills ने अपने कुल कर्ज (Debt) को भी काफी कम किया है। 30 सितंबर 2024 तक कंपनी पर कुल ₹282.81 करोड़ का कर्ज था, जो 30 सितंबर 2023 को ₹356.17 करोड़ था। कर्ज घटने से कंपनी का गियरिंग रेश्यो (Gearing Ratio) घटकर 0.41x हो गया है, जो पिछले साल 0.58x था। यह बेहतर वित्तीय प्रबंधन का संकेत है।
इंडस्ट्री और रेगुलेटरी माहौल
Uttam Sugar Mills शुगर इंडस्ट्री (Sugar Industry) जैसी साइक्लिकल (Cyclical) और रेगुलेटेड इंडस्ट्री में काम करती है। इस सेक्टर में सरकारी नीतियों, कच्चे माल की कीमतों, एक्सपोर्ट कंट्रोल और एथेनॉल की कीमतों जैसे जोखिम भी शामिल हैं। चीनी की कीमतों में उतार-चढ़ाव भी कंपनी के मुनाफे को प्रभावित कर सकता है।
कॉम्पिटीशन और भविष्य की राह
कंपनी का मुकाबला Balrampur Chini Mills Limited, Bajaj Hindusthan Sugar Limited और Dwarikesh Sugar Industries Limited जैसे बड़े खिलाड़ियों से है। ये सभी कंपनियां शुगर प्रोडक्शन, एथेनॉल मैन्युफैक्चरिंग और पावर जेनरेशन के क्षेत्र में सक्रिय हैं। निवेशक कंपनी के कर्ज में कमी और इंडस्ट्री के उतार-चढ़ाव से निपटने की क्षमता पर नजर रखेंगे।