US House Midterms चुनाव में भारतीय मूल के डेमोक्रेटिक उम्मीदवार Amish Shah और Pia Dandiya अपनी पकड़ मजबूत कर रहे हैं। एरिजोना और फ्लोरिडा की इन सीटों पर मुकाबला कड़ा है, जो भविष्य की अमेरिकी नीतियों और विधायी नियंत्रण के लिए निर्णायक साबित हो सकता है।
अमेरिकी मिडटर्म चुनाव की सरगर्मी बढ़ गई है। हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स की दौड़ में दो भारतीय-अमेरिकी चेहरे, एरिजोना से Amish Shah और फ्लोरिडा से Pia Dandiya, चर्चा का केंद्र बन गए हैं। इन सीटों पर होने वाला फैसला सीधे तौर पर कांग्रेस में शक्ति संतुलन तय करेगा, जिसका सीधा असर देश की राजकोषीय और विधायी प्राथमिकताओं पर पड़ता है।
Amish Shah का मजबूत पक्ष
पेशे से 48 वर्षीय डॉक्टर, Amish Shah एरिजोना के पहले डिस्ट्रिक्ट से मैदान में हैं। परंपरागत रूप से रिपब्लिकन गढ़ माने जाने वाले इस क्षेत्र में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। 'Cook Political Report' के अनुसार, मुकाबला डेमोक्रेटिक उम्मीदवार की ओर झुकता दिख रहा है। वहीं, 'Kalshi' जैसे प्रेडिक्टिव मार्केट में उनकी जीत की संभावना 80% आंकी गई है। उनका चुनावी एजेंडा हेल्थकेयर और खर्चों में कटौती पर केंद्रित है।
Pia Dandiya के लिए कड़ा संघर्ष
फ्लोरिडा के 22वें डिस्ट्रिक्ट में मुकाबला कहीं अधिक रोमांचक है। 39 वर्षीय पूर्व स्कूल प्रिंसिपल, Pia Dandiya का मुकाबला रिपब्लिकन प्रतिद्वंद्वी Casey Askar से है। इसे जानकारों ने 'टॉस-अप' (बराबरी का मुकाबला) करार दिया है, जिसमें Kalshi पर उनकी जीत की संभावना 60% जताई गई है। उनका मुख्य जोर शिक्षा और आर्थिक सुगमता पर है।
बाजार पर असर
अमेरिकी अर्थव्यवस्था के जानकारों के लिए कांग्रेस का नियंत्रण बहुत मायने रखता है। टैक्स, ट्रेड पॉलिसी और हेल्थकेयर स्पेंडिंग जैसे मुद्दे पूरी तरह से हाउस में बहुमत वाली पार्टी पर निर्भर करते हैं। कोई भी बड़ा राजनीतिक बदलाव मार्केट सेंटिमेंट और सेक्टर-स्पेसिफिक रेगुलेशंस को प्रभावित कर सकता है। अगर Shah और Dandiya जीत हासिल करते हैं, तो यह अमेरिकी राजनीति में भारतीय-अमेरिकियों की बढ़ती उपस्थिति को और मजबूती देगा।
