बुधवार को दिल्ली में मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा बुलाई गई INDIA गठबंधन की महत्वपूर्ण लंच मीटिंग में Samajwadi Party शामिल नहीं हुई। इस दूरी ने यूपी में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले गठबंधन के भीतर सीट शेयरिंग और तालमेल पर उठ रहे बड़े सवालों को हवा दे दी है।
बुधवार को नई दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने INDIA गठबंधन के नेताओं के लिए एक हाई-प्रोफाइल लंच मीटिंग आयोजित की थी, जिसमें समाजवादी पार्टी (SP) की अनुपस्थिति चर्चा का विषय बनी रही। हालांकि कांग्रेस इसे तकनीकी समस्या और कम नोटिस का मामला बता रही है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इसे उत्तर प्रदेश में गठबंधन के दो प्रमुख साथियों के बीच बढ़ती दरार के रूप में देखा जा रहा है।
SP सूत्रों के अनुसार, अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली पार्टी कांग्रेस द्वारा बिना चर्चा किए गए राजनीतिक प्रदर्शनों से काफी नाराज है। हाल ही में राहुल गांधी के नेतृत्व में आकाशवाणी भवन पर हुए प्रदर्शन का उदाहरण देते हुए सपा नेताओं का कहना है कि गठबंधन के साथियों को भरोसे में न लेना एक गलत परंपरा है। वे इसे 'कोऑर्डिनेशन' (तालमेल) की भारी कमी मान रहे हैं।
यह तनाव ऐसे समय पर सामने आया है जब पार्टियां 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जुटी हैं। 2024 लोकसभा चुनाव में साथ मिलकर लड़ने वाली ये पार्टियां अब सीट शेयरिंग पर बातचीत शुरू करने की कोशिश कर रही हैं, लेकिन इस तरह की सार्वजनिक दूरियां सौदेबाजी (Negotiations) को और जटिल बना रही हैं। अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या कांग्रेस और समाजवादी पार्टी इन कम्युनिकेशन गैप्स को खत्म कर पाएंगी या यह गठबंधन आने वाले चुनावों में बिखर जाएगा।
