यूक्रेन के कीव और बोरिस्पिल एयरपोर्ट्स पर रूस ने ड्रोन स्ट्राइक की है। यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब अमेरिकी दूत स्टीव विटकोफ और जेरेड कुश्नर डोनाल्ड ट्रंप का शांति प्रस्ताव लेकर वहां पहुंचने वाले थे।
रूस ने शनिवार, 5 सितंबर, 2026 को कीव और बोरिस्पिल के विमानन बुनियादी ढांचे को निशाना बनाते हुए घातक ड्रोन हमले किए। ये हमले एक ऐसे समय में हुए हैं जब अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें अमेरिकी दूत स्टीव विटकोफ और जेरेड कुश्नर के राजनयिक दौरे पर टिकी हैं। वे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का शांति प्रस्ताव लेकर पहले मास्को और फिर 6 सितंबर को कीव पहुंचने वाले थे।
शांति मिशन के सामने बड़ी चुनौती
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने इस सैन्य कार्रवाई को शांति वार्ता को बाधित करने की एक सोची-समझी कोशिश करार दिया है। जिन एयरपोर्ट्स को निशाना बनाया गया, वे फरवरी 2022 से ही नागरिक उड़ानों के लिए बंद हैं, लेकिन इनके जरिए शांति दूतों के आने की योजना थी। यह हमला उस अस्थिर माहौल को दर्शाता है जिसमें अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थ काम करने की कोशिश कर रहे हैं।
ग्लोबल मार्केट पर असर
यह घटना 4 सितंबर को कीव में सिक्योरिटी सर्विस ऑफ यूक्रेन (SBU) मुख्यालय पर हुए हमले के बाद हुई है। निवेशकों और बाजार विश्लेषकों के लिए, इस तरह की घटनाएं पूर्वी यूरोप में बढ़ते जियोपॉलिटिकल रिस्क की याद दिलाती हैं। इस तनाव का सीधा असर ग्लोबल कमोडिटी मार्केट की कीमतों पर पड़ता है और अंतरराष्ट्रीय ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म्स पर रिस्क सेंटीमेंट बदल सकता है।
अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या शांति दूत सुरक्षित अपनी यात्रा पूरी कर पाएंगे और क्या यह शांति प्रस्ताव दोनों देशों को बातचीत की मेज पर लाने में सफल होगा।
