18वें BRICS समिट के दौरान PM Narendra Modi और इथियोपिया के PM Abiy Ahmed Ali ने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा की। इस मुलाकात में भारत की Defence और Mining कंपनियों के लिए इथियोपिया में नए अवसर खुलने के संकेत मिले हैं।
सुरक्षा और खनन में नई साझेदारी
नई दिल्ली में आयोजित 18वें BRICS समिट के इतर दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय व्यापार और सुरक्षा सहयोग पर जोर दिया। इथियोपिया ने भारत के साथ Defence सहयोग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की इच्छा जताई है, जिसमें Defence इक्विपमेंट की खरीद और सैन्य प्रशिक्षण (Military Training) शामिल हैं। यह कदम भारतीय Defence कंपनियों के लिए अपने निर्यात को नए बाजारों तक ले जाने का एक बड़ा मौका साबित हो सकता है।
औद्योगिक निवेश के नए रास्ते
सुरक्षा के साथ-साथ इथियोपिया ने भारतीय निवेशकों को Mining और प्राकृतिक संसाधनों के क्षेत्र में निमंत्रण दिया है। भारतीय Mining कंपनियां जो अपने पोर्टफोलियो में विविधता लाने की कोशिश कर रही हैं, उनके लिए इथियोपिया एक उभरता हुआ बाजार है। हालांकि, वहां की रेगुलेटरी जटिलताओं और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी चुनौतियों को देखते हुए निवेश के फैसले को लॉन्ग-टर्म नजरिए से देखना होगा।
निवेशकों के लिए सबक
BRICS समिट के जरिए भारत 'ग्लोबल साउथ' की आवाज को मजबूती दे रहा है, जिसका सीधा असर व्यापारिक संबंधों पर पड़ रहा है। निवेशकों को आने वाले समय में उन सरकारी समझौतों पर नजर रखनी चाहिए जो Defence प्रोक्योरमेंट या Mining प्रोजेक्ट्स के लिए औपचारिक रूप से साइन किए जाएंगे। यह देखना दिलचस्प होगा कि भारतीय कंपनियां वहां के आर्थिक ढांचे में खुद को कितनी तेजी से ढाल पाती हैं।
