होर्मुज़ जलडमरूमध्य पर तनातनी ने बढ़ाई तेल की कीमतें
वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति के लिए बेहद अहम माने जाने वाले होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पर बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव ने क्रूड ऑयल की कीमतों को आसमान पर पहुंचा दिया है। ईरान-समर्थित मिलिशिया Kataib Hezbollah की तरफ से ऊर्जा संयंत्रों पर खतरों और इस महत्वपूर्ण जलमार्ग के प्रभावी रूप से बंद होने के कारण, ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स (Brent crude futures) $111.64 प्रति बैरल के स्तर को पार कर गए हैं। यह दैनिक आधार पर 0.65% की बढ़ोतरी है, जबकि पिछले एक महीने में कीमतों में 17.80% का शानदार उछाल आया है। वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) फ्यूचर्स भी $113.74 के करीब कारोबार कर रहे थे, वहीं WTI कैश फ्यूचर्स शुक्रवार को $97.92 पर बंद हुए। यह स्थिति तेल आपूर्ति में अब तक के सबसे बड़े व्यवधानों में से एक मानी जा रही है, और आशंका है कि अगर यह जारी रहा तो कीमतें $180 प्रति बैरल तक पहुंच सकती हैं।
भू-राजनीतिक जोखिम प्रीमियम का असर
आज तेल की कीमतों में एक महत्वपूर्ण भू-राजनीतिक जोखिम प्रीमियम (geopolitical risk premium) शामिल है। यह प्रीमियम युद्ध, प्रतिबंधों या हमलों से आपूर्ति बाधित होने के संभावित खतरे को दर्शाता है। भले ही फंडामेंटल्स स्थिर हों, लेकिन इन जोखिमों और तनाव बढ़ने की आशंकाओं से कीमतें भारी मात्रा में प्रभावित हो रही हैं। यह प्रीमियम भू-राजनीतिक घटनाओं के दौरान बढ़ता है, जिससे ट्रेडर्स को तत्काल आपूर्ति के लिए अधिक भुगतान करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है।
एनर्जी स्टॉक्स में रिकॉर्ड रैली, निवेशक महंगाई से बचाव की तलाश में
बढ़ती तेल कीमतों और भू-राजनीतिक तनाव के बीच एनर्जी स्टॉक्स में अभूतपूर्व तेजी देखी गई है। S&P 500 एनर्जी सेक्टर को ट्रैक करने वाले एनर्जी सेलेक्ट सेक्टर SPDR फंड (Energy Select Sector SPDR Fund - XLE) ने 2026 की पहली तिमाही (Q1 2026) में 34% से अधिक की छलांग लगाई है, जो व्यापक S&P 500 से कहीं बेहतर प्रदर्शन है। गोल्डमैन सैक्स (Goldman Sachs) के अनुसार, XLE ने लगातार 14 हफ्तों तक बढ़त का एक नया रिकॉर्ड बनाया है। यह एनर्जी शेयर्स में निवेशकों के झुकाव का एक बड़ा संकेत है, जिन्हें बाजार की अनिश्चितता और टेक व AI स्टॉक्स से दूरी बनाने के बीच एक डिफेंसिव मूव और महंगाई से बचाव का जरिया माना जा रहा है। एक्सप्लोरेशन और प्रोडक्शन (upstream producers) कंपनियां, जो सीधे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव से लाभान्वित होती हैं, विशेष रूप से इस तेजी का फायदा उठा रही हैं।
जोखिम और भविष्य का आउटलुक
इस जोरदार तेजी के बावजूद, एनर्जी सेक्टर और वैश्विक तेल बाजार के लिए महत्वपूर्ण जोखिम बने हुए हैं। अमेरिका और ईरान के बीच संभावित युद्धविराम (ceasefire) वार्ताओं की खबरों से कीमतों में अस्थायी गिरावट आई है, लेकिन भू-राजनीतिक स्थिति अभी भी अस्थिर है। बाजार किसी भी राजनयिक प्रगति की प्रभावशीलता और अवधि को लेकर संदेह में है, जिससे जोखिम प्रीमियम बना हुआ है। इसके अलावा, दुनिया के नवीकरणीय ऊर्जा (renewable energy) की ओर बढ़ने के साथ एनर्जी सेक्टर लंबी अवधि के ट्रांज़िशन जोखिमों का भी सामना कर रहा है। तेल की ऊंची कीमतें उपभोक्ताओं और व्यवसायों द्वारा खपत कम करने या विकल्पों पर स्विच करने के कारण डिमांड डिस्ट्रक्शन (demand destruction) का कारण बन सकती हैं, जो भविष्य के मुनाफे को खतरे में डाल सकती है। कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (Kuwait Petroleum Corporation) जैसी कंपनियों की ऊर्जा अवसंरचना पर ड्रोन हमलों जैसे नुकसान से आपूर्ति और बिगड़ सकती है। विश्लेषकों का अनुमान है कि ब्रेंट क्रूड तिमाही के अंत तक $112.50 और 12 महीनों में $124.10 के आसपास कारोबार करेगा। होर्मुज़ जलडमरूमध्य की महत्वपूर्ण भूमिका का मतलब है कि किसी भी नई घटना या लंबे समय तक बंद रहने से एक महत्वपूर्ण जोखिम प्रीमियम बना रहेगा।