Waterways Leisure Tourism ने जून तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले **34%** घटकर **₹23 करोड़** रह गया है, हालांकि रेवेन्यू में **8%** की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। कंपनी, जो Cordelia Cruises का संचालन करती है, ने हाल ही में अपना **₹585 करोड़** का IPO पूरा किया है।
Detailed Coverage
मुनाफे में 34% की गिरावट
Waterways Leisure Tourism, जो घरेलू ओशन क्रूज ब्रांड Cordelia Cruises का संचालन करती है, ने वित्तीय वर्ष 2027 की पहली तिमाही के नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी ने जून 2026 तिमाही में ₹23 करोड़ का शुद्ध लाभ (Net Profit) दर्ज किया है। पिछले साल की इसी तिमाही में यह मुनाफा ₹35 करोड़ था, जिसमें 34% की बड़ी गिरावट आई है। हालांकि, मार्च तिमाही के ₹18 करोड़ के मुनाफे की तुलना में यह 28% अधिक है।
रेवेन्यू में 8% का इजाफा
हाल ही में लिस्ट हुई क्रूज ऑपरेटर कंपनी के लिए रेवेन्यू ग्रोथ मिली-जुली तस्वीर दिखा रही है। कंपनी ने तिमाही के दौरान ₹190 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी अवधि के ₹176 करोड़ के मुकाबले 8% ज्यादा है। वहीं, मार्च तिमाही के ₹154 करोड़ के रेवेन्यू की तुलना में यह 23% बढ़ा है।
IPO और फंड का इस्तेमाल
कंपनी ने ₹585 करोड़ के इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) के बाद शेयर बाजार में कदम रखा था, जिसकी कीमत ₹769 से ₹808 प्रति शेयर के बीच थी। इस इश्यू को 1.46 गुना सब्सक्रिप्शन मिला था। कंपनी की IPO फाइलिंग के अनुसार, जुटाई गई पूंजी का एक बड़ा हिस्सा इसकी सब्सिडियरी Baycruise Shipping and Leasing (IFSC) Pvt Ltd से संबंधित लीज भुगतानों के लिए इस्तेमाल किया जाएगा, साथ ही सामान्य कॉर्पोरेट जरूरतों को भी पूरा किया जाएगा। आने वाली तिमाहियों में कंपनी के कैश फ्लो के लिए इन लीज देनदारियों का प्रबंधन एक महत्वपूर्ण फोकस बना रहेगा।
शेयर प्रदर्शन और भविष्य की राह
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर Waterways Leisure Tourism के शेयर हाल ही में ₹912.60 पर बंद हुए, जो 0.67% का दैनिक लाभ दर्शाता है। पोस्ट-लिस्टिंग यात्रा पर नेविगेट करते हुए, निवेशक राजस्व विस्तार को लाभ मार्जिन के साथ संतुलित करने की कंपनी की क्षमता पर कड़ी नजर रख रहे हैं, खासकर क्रूज उद्योग की पूंजी-गहन प्रकृति को देखते हुए। भविष्य की तिमाहियों में कंपनी की लाभप्रदता मौसमी मांग में बदलाव और क्रूज बेड़े से जुड़े परिचालन लागतों के प्रबंधन पर निर्भर करेगी। शेयरधारकों के लिए मुख्य निगरानी बिंदु नेट प्रॉफिट मार्जिन की प्रवृत्ति होगी, क्योंकि कंपनी अपने IPO फंड का उपयोग करती है और अपने ऋण और लीज-संबंधित प्रतिबद्धताओं का प्रबंधन करती है।
