Parandur Airport Project: तमिलनाडु सरकार का बड़ा फैसला, ₹27,400 करोड़ का प्रोजेक्ट रद्द

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AuthorNeha Patil|Published at:
Parandur Airport Project: तमिलनाडु सरकार का बड़ा फैसला, ₹27,400 करोड़ का प्रोजेक्ट रद्द

तमिलनाडु सरकार ने स्थानीय विरोध और पर्यावरणीय चिंताओं के चलते ₹27,400 करोड़ के Parandur ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को आधिकारिक रूप से रद्द कर दिया है। अब राज्य सरकार का पूरा फोकस Chennai International Airport के विस्तार पर है, ताकि सालाना **5.5 करोड़** यात्रियों की क्षमता हासिल की जा सके।

तमिलनाडु सरकार ने 24 अगस्त, 2026 को मुख्यमंत्री C. Joseph Vijay के नेतृत्व में इस बहुचर्चित प्रोजेक्ट को बंद करने की घोषणा की। इस फैसले के साथ ही Ekanapuram और आसपास के गांवों के निवासियों व किसानों के लंबे समय से चले आ रहे विरोध पर विराम लग गया है। प्रोजेक्ट रद्द करने के पीछे मुख्य कारण कृषि भूमि का विस्थापन और स्थानीय जल निकायों को होने वाला पारिस्थितिक नुकसान था।

Meenambakkam में विस्तार की योजना

अब प्रशासन का सारा ध्यान Meenambakkam स्थित मौजूदा Chennai International Airport को अपग्रेड करने पर है। सरकार यहां एक पांचवां टर्मिनल (Terminal 5) बनाने की तैयारी कर रही है, जिससे एयरपोर्ट की क्षमता 5.5 करोड़ यात्री सालाना तक बढ़ जाएगी। यह कदम तत्काल क्षमता की कमी को पूरा करने के लिए उठाया गया है, जबकि एक वैकल्पिक और कम विवादित जगह की तलाश फिर से शुरू कर दी गई है।

इन्फ्रास्ट्रक्चर की चुनौतियां

मौजूदा एयरपोर्ट का विस्तार करना कोई आसान काम नहीं है। चूंकि Meenambakkam का इलाका घनी आबादी वाला है, इसलिए यहां बड़े पैमाने पर निर्माण (horizontal expansion) की गुंजाइश कम है। साथ ही, चालू ऑपरेशंस के बीच टर्मिनल का निर्माण करने से प्रोजेक्ट की लागत बढ़ने और देरी होने का जोखिम बना रहता है। इसके अलावा, एयरपोर्ट के आसपास ट्रैफिक कंजेशन एक बड़ी समस्या है, जिसे सुलझाना एक जटिल लॉजिस्टिक चुनौती होगी।

भविष्य की चिंताएं (Risks & Outlook)

निवेशकों और स्टेकहोल्डर्स के लिए सबसे बड़ा सवाल भविष्य की क्षमता को लेकर है। जानकारों का मानना है कि इस विस्तार के बावजूद, 2028 से 2032 के बीच एयरपोर्ट अपनी पूरी क्षमता तक पहुंच सकता है। यदि यात्रियों की संख्या में इसी तरह इजाफा होता रहा, तो राज्य को फिर से नए एयरपोर्ट की जरूरत पड़ेगी। विपक्ष ने भी इस देरी पर सवाल उठाए हैं, जिसके चलते राज्य की इकोनॉमिक कॉम्पिटिटिवनेस प्रभावित होने का डर है।

अब नजरें तीन अहम बिंदुओं पर टिकी हैं: Terminal 5 के निर्माण का बजट और समय सीमा, Parandur में अधिग्रहित जमीन का भविष्य, और दूसरे एयरपोर्ट के लिए किसी नई और विवाद-मुक्त जगह की तलाश।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.