दमदार नतीजों से शेयर में रौनक
Shipping Corporation of India (SCI) ने फाइनेंशियल ईयर 2026 की तीसरी तिमाही (Q3 FY26) में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी के अलग-अलग (स्टैंडअलोन) और समेकित (कंसॉलिडेटेड) नतीजों में भारी उछाल देखा गया है।
तिमाही के आंकड़े (Q3 FY26):
स्टैंडअलोन: कंपनी के रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशन्स (Revenue from Operations) में पिछले साल की समान तिमाही के मुकाबले 23.6% की मजबूत बढ़ोतरी हुई है, जो ₹16,112.2 करोड़ रहा। प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) में 356% का उछाल आकर यह ₹8,224.5 करोड़ हो गया, जबकि प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) 426% बढ़कर ₹6,639.5 करोड़ दर्ज किया गया। स्टैंडअलोन अर्निंग्स पर शेयर (EPS) पिछले साल के ₹1.39 से बढ़कर ₹8.45 हो गया है।
कंसॉलिडेटेड: वहीं, कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू 22.5% बढ़कर ₹16,116.7 करोड़ पर पहुंच गया। कंसॉलिडेटेड PAT में और भी बड़ी 553% की उछाल आई है, जो ₹6,584.4 करोड़ रहा। कंसॉलिडेटेड EPS भी ₹1.62 से बढ़कर ₹8.69 हो गया है।
नौ महीने की तस्वीर (Nine Months Ended Dec 31, 2025):
स्टैंडअलोन: इस नौ महीने की अवधि में, स्टैंडअलोन रेवेन्यू 14.6% बढ़कर ₹42,654 करोड़ रहा, और PAT 67.6% की बढ़ोतरी के साथ ₹20,972.7 करोड़ पर पहुंच गया।
कंसॉलिडेटेड: हालांकि, कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू में इसी अवधि में 0.3% की मामूली गिरावट आई और यह ₹42,665.8 करोड़ रहा। इसके बावजूद, कंसॉलिडेटेड PAT में 28.1% की अच्छी बढ़त दर्ज की गई, जो ₹8,435.8 करोड़ रहा।
डिविडेंड का ऐलान और रणनीतिक बदलाव:
इन शानदार नतीजों को देखते हुए, कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने ₹3.5 प्रति शेयर (35%) का दूसरा अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) घोषित किया है। इस डिविडेंड के भुगतान के लिए ₹163.03 करोड़ का अनुमानित आवंटन किया जाएगा और रिकॉर्ड डेट 17 फरवरी, 2026 तय की गई है।
इसके साथ ही, कंपनी में भारत सरकार की ओर से चल रही रणनीतिक विनिवेश (Strategic Disinvestment) प्रक्रिया और गैर-प्रमुख संपत्तियों (Non-core Assets) के डीमर्जर (Demerger) पर भी काम जारी है, जो कंपनी के भविष्य की संरचना को आकार देगा।
ऑडिट रिपोर्ट और भविष्य का संकेत:
कंपनी के ऑडिटर, M/s. D. R. Mohnot & Co और M/s. PSD & Associates, ने अपनी रिपोर्ट में अनमॉडिफाइड ओपिनियन (Unmodified Opinion) दी है। हालांकि, उन्होंने बैलेंस कन्फर्मेशन और रिकंसिलिएशन की प्रक्रियाओं पर प्रकाश डाला। यह ध्यान देने योग्य है कि इस फाइलिंग में कंपनी प्रबंधन की ओर से कोई विशेष गाइडेंस या भविष्योन्मुखी दृष्टिकोण (Forward-looking Outlook) नहीं दिया गया है।
निवेशकों के लिए:
जहां Q3 के नतीजे बेहद मजबूत हैं, वहीं नौ महीने की अवधि में कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू में आई मामूली गिरावट पर निवेशकों की नजर रहेगी। सरकार की रणनीतिक विनिवेश और डीमर्जर जैसी प्रक्रियाएं SCI के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण होंगी। भविष्य की उम्मीदों के लिए निवेशकों को ऐतिहासिक रुझानों और व्यापक उद्योग के दृष्टिकोण पर भरोसा करना होगा।