रेलवे का बड़ा प्लान: राजस्व बढ़ाने पर फोकस
भारतीय रेलवे ने आने वाले समय के लिए एक मजबूत वित्तीय योजना पेश की है। फाइनेंशियल ईयर 2026-27 (FY27) के लिए, रेलवे यात्री और माल ढुलाई, दोनों से होने वाली कमाई में अच्छी खासी बढ़ोतरी का अनुमान लगा रहा है। हालांकि, मौजूदा वित्तीय वर्ष के लिए अनुमानों को थोड़ा कम किया गया है, जो यात्रा पैटर्न में बदलावों को दर्शाता है। रेलवे का पूरा जोर नई, आधुनिक ट्रेनों के बेड़े का विस्तार करने और अपनी परिचालन दक्षता (Operational Efficiency) को बेहतर बनाने पर है।
नई ट्रेनों से दिखेगा यात्रियों का उत्साह
FY27 में यात्री ट्रेनों से रेलवे का राजस्व बढ़कर ₹87,300 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है। यह पिछले साल के संशोधित अनुमान से 9% से अधिक की वृद्धि होगी। इस बढ़ोतरी का मुख्य श्रेय वंदे भारत चेयर कार और स्लीपर वेरिएंट, साथ ही अमृत भारत और अन्य पारंपरिक सेवाओं जैसी आधुनिक ट्रेनों को दिया जा रहा है। इन नई ट्रेनों के माध्यम से अधिक यात्रियों को आकर्षित करने और राजस्व बढ़ाने की उम्मीद है।
वहीं, माल ढुलाई (Freight) से होने वाली कमाई FY27 में लगभग ₹1.88 लाख करोड़ रहने का अनुमान है, जो मौजूदा वित्तीय वर्ष के संशोधित अनुमान से 6% ज्यादा है।
यह उम्मीदें ऐसे समय में आई हैं जब चालू वित्तीय वर्ष के लिए यात्री परिवहन से होने वाली कमाई के शुरुआती अनुमानों (₹92,800 करोड़) को घटाकर ₹80,000 करोड़ कर दिया गया है। यह करीब 10.6% की गिरावट को दर्शाता है, जिसका कारण यात्रियों द्वारा तय की गई दूरी में कमी आना है। इसी तरह, चालू वित्त वर्ष के लिए माल ढुलाई से होने वाली कमाई भी लक्ष्य से पीछे रहने की उम्मीद है, जिसका संशोधित अनुमान लगभग ₹1.78 लाख करोड़ है, जो योजना से लगभग 5.5% कम है। इसके पीछे माल की औसत ढुलाई दूरी में लगभग 1% की कमी एक कारण बताई जा रही है।
परिचालन क्षमता और वित्तीय लक्ष्य
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया है कि पिछले कुछ सालों में यात्री और माल ढुलाई, दोनों से लगातार राजस्व बढ़ा है। चालू वित्त वर्ष 2025-26 के लिए यात्री राजस्व का संशोधित अनुमान ₹80,000 करोड़ और माल ढुलाई का ₹1.78 लाख करोड़ है।
रेल मंत्रालय परिचालन दक्षता (Operational Efficiency) को बेहतर बनाने पर भी ध्यान केंद्रित कर रहा है। इसका लक्ष्य ऑपरेटिंग रेश्यो (OR) – यानी हर ₹100 की कमाई पर होने वाला खर्च – को चालू वित्त वर्ष के 98.82% से घटाकर FY27 तक 98.4% करना है। यह कमी परिचालन लागत को नियंत्रित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
वंदे भारत ट्रेनों को यात्रियों से अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है, जो प्रीमियम रेवेन्यू को बढ़ा रही हैं। वहीं, अमृत भारत ट्रेनें ज्यादा से ज्यादा लोगों को किफायती और आरामदायक लंबी दूरी की यात्रा का अनुभव देने के लिए हैं।
वित्तीय स्थिरता (Financial Sustainability) के लिए, रेलवे FY27 में ₹3,000 करोड़ का नेट रेवेन्यू (Net Revenue) हासिल करने का लक्ष्य लेकर चल रहा है। यह FY26 के अनुमानित ₹1,957 करोड़ से 35% ज्यादा होगा। पिछले तीन लगातार वित्तीय वर्षों में नेट रेवेन्यू दर्ज करने के बाद, यह लगातार लाभप्रदता बनाए रखने की रेलवे की क्षमता को दर्शाता है।