दमदाम एयरपोर्ट पर हुए हमले के बाद Air India, Akasa Air और IndiGo ने सऊदी अरब के लिए अपनी सभी उड़ानें सस्पेंड कर दी हैं। इस संकट के कारण मक्का और मदीना में करीब **4,000** भारतीय उमराह यात्री फंस गए हैं।
दम्माम एयरपोर्ट पर हुए सुरक्षा हमले के बाद Air India, Akasa Air और IndiGo ने एहतियात के तौर पर अपनी सभी कमर्शियल उड़ानों को रद्द कर दिया है। इस घटना में हताहतों की पुष्टि होने के बाद से सुरक्षा प्रोटोकॉल को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं। इस अचानक आए संकट से मक्का और मदीना में मौजूद करीब 4,000 भारतीय उमराह यात्री फिलहाल अपने घर लौटने की स्थिति में नहीं हैं।
राहत और बचाव की कोशिशें
विदेश मंत्रालय (MEA) ने रियाद स्थित भारतीय दूतावास और जेद्दाह स्थित वाणिज्य दूतावास की टीमों को ग्राउंड पर तैनात कर दिया है। ये टीमें वहां फंसे लोगों के लिए भोजन और आवास जैसी बुनियादी सुविधाओं का इंतजाम कर रही हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, पिछले एक हफ्ते में 3,000 से ज्यादा तीर्थयात्री वापस लौट चुके हैं, लेकिन अभी भी हजारों की संख्या में लोग वहां सुरक्षित वापसी का इंतजार कर रहे हैं।
सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) से अपील की है कि वे एयरलाइंस को बड़े विमानों के उपयोग की अनुमति दें ताकि हवाई संचालन बहाल होते ही ज्यादा से ज्यादा लोगों को सुरक्षित निकाला जा सके।
एविएशन सेक्टर पर असर
किसी बड़े सुरक्षा हमले के बाद एयरलाइंस को अपना रिस्क प्रोफाइल और इंश्योरेंस प्रीमियम दोबारा आंकना पड़ता है। जब तक सुरक्षा मंजूरी और गारंटी नहीं मिल जाती, तब तक उड़ानें फिर से शुरू करना एक जटिल प्रक्रिया होती है। इसमें क्रू शेड्यूलिंग, ग्राउंड हैंडलिंग और राजनयिक स्तर पर लैंडिंग राइट्स हासिल करना शामिल है। निवेशकों और यात्रियों को फिलहाल विदेश मंत्रालय की आधिकारिक घोषणाओं पर नजर बनाए रखनी होगी, क्योंकि अगली कड़ी में विशेष निकासी उड़ानों (Evacuation Flights) और DGCA की गाइडलाइंस का इंतजार है।
