IndiGo और Air India ग्रुप ने दिसंबर 2026 से नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट से अपनी उड़ानें शुरू करने का ऐलान किया है। इस कदम से मुंबई के मुख्य एयरपोर्ट पर भीड़ कम होगी और एयरलाइंस के लिए नए रूट खोलने का रास्ता साफ होगा।
दिसंबर 2026 से नई शुरुआत होने जा रही है, जहाँ IndiGo और Air India ग्रुप अपने कुछ डोमेस्टिक और इंटरनेशनल ऑपरेशंस को नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर शिफ्ट करेंगे। यह शिफ्टिंग प्रोसेस नॉर्दर्न समर 2027 सीजन तक जारी रह सकती है। इसका मुख्य उद्देश्य छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट (CSMIA) पर बढ़ती भीड़ और स्लॉट की दिक्कतों को कम करना है।
कैपेसिटी एक्सपेंशन पर नजर
IndiGo अपनी 12 इंटरनेशनल फ्लाइट्स को नए एयरपोर्ट पर शिफ्ट करने की योजना बना रही है, जिसमें जकार्ता, ढाका और मिडिल ईस्ट के प्रमुख शहर शामिल हैं। इस बदलाव से मुंबई के मौजूदा एयरपोर्ट पर जगह खाली होगी, जिससे एयरलाइन अफ्रीका, एशिया और यूरोप के नए मार्केट्स में अपनी सेवाएं शुरू कर सकेगी। एयरलाइंस के लिए यह स्लॉट की उपलब्धता सीधे तौर पर रेवेन्यू ग्रोथ को बढ़ावा देने वाला कदम है।
Air India का ऑपरेशनल बदलाव
वहीं, Air India ग्रुप ने दिसंबर 2026 से नए एयरपोर्ट से डेली डोमेस्टिक सर्विस शुरू करने की तैयारी की है। इसके बाद, 2027 की शुरुआत में ओमान और कुवैत के लिए इंटरनेशनल कनेक्टिविटी भी शुरू की जाएगी। यह रणनीति एयरलाइन के फ्लीट एक्सपेंशन को मैनेज करने और नए हब को अपने नेटवर्क में पूरी तरह इंटीग्रेट करने का हिस्सा है।
निवेशकों के लिए क्या है मायने?
यह पूरा इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट Adani Airport Holdings की देखरेख में हो रहा है। निवेशकों के लिए सबसे महत्वपूर्ण यह है कि क्या यह ट्रांजिशन ऑपरेशनल एफिशिएंसी को बेहतर बना पाएगा? मुंबई जैसे भीड़भाड़ वाले शहर में दो एयरपोर्ट्स के बीच ऑपरेशंस बांटने से ऑन-टाइम परफॉर्मेंस में सुधार आने की उम्मीद है, साथ ही कंजेशन के कारण होने वाला एक्स्ट्रा फ्यूल का खर्च भी कम हो सकता है। हालांकि, दो अलग-अलग लोकेशंस पर लॉजिस्टिक्स को मैनेज करना एक बड़ी चुनौती होगी, जिस पर निवेशकों की पैनी नजर रहनी चाहिए।
