लॉजिस्टिक्स दिग्गज Delhivery ने Q2 FY27 में **₹40.6 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल के नुकसान से एक बड़ा टर्नअराउंड है। कंपनी का रेवेन्यू **20%** बढ़कर **₹3,066.3 करोड़** पहुंच गया है, लेकिन इसके बावजूद 30 अक्टूबर को शेयर में **3%** की गिरावट देखी गई।
मुनाफे का शानदार सफर
लॉजिस्टिक्स सेक्टर की दिग्गज कंपनी Delhivery ने चालू फाइनेंशियल ईयर की दूसरी तिमाही में शानदार वापसी की है। कंपनी ने ₹40.6 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया है, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को ₹50.5 करोड़ का नुकसान हुआ था। पिछली तिमाही में यह प्रॉफिट ₹31.9 करोड़ था, यानी कंपनी की परफॉर्मेंस लगातार बेहतर हो रही है। कंपनी का रेवेन्यू भी सालाना आधार पर 20% बढ़कर ₹3,066.3 करोड़ हो गया है।
AI का तड़का और ऑपरेशनल सुधार
इस ग्रोथ के पीछे मैनेजमेंट ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में किए गए शुरुआती निवेश को मुख्य कारण बताया है। AI की मदद से कस्टमर ऑनबोर्डिंग आसान हुई है और फ्रॉड डिटेक्शन में तेजी आई है। इससे डिस्प्यूट रिजॉल्यूशन और सेल्स प्रोडक्टिविटी में जबरदस्त सुधार हुआ है। लॉजिस्टिक्स जैसे लो-मार्जिन वाले बिजनेस में टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कंपनी की कॉस्ट प्रति शिपमेंट को घटाने में काफी मददगार साबित हो रहा है।
निवेशकों की चिंता क्यों बढ़ी?
नतीजे अच्छे आने के बावजूद, 30 अक्टूबर को स्टॉक 3% गिरकर ₹386 पर बंद हुआ। इसके पीछे बाजार का सतर्क रुख है। कंपनी ने साफ किया है कि फेस्टिव सीजन के दौरान सर्विस तो अच्छी है, लेकिन फ्यूल के बढ़ते दाम और लेबर की कमी सेक्टर के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं। अगर फ्यूल के दाम और बढ़े, तो कंपनी के प्रॉफिट मार्जिन पर दबाव आ सकता है।
मजबूत कैश पोजीशन
राहत की बात यह है कि कंपनी के पास ₹4,676 करोड़ का भारी-भरकम कैश बैलेंस मौजूद है। यह रकम कंपनी को बिना कर्ज के अपनी नेटवर्क और टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की आजादी देती है। अब निवेशकों की नजर इस बात पर है कि क्या कंपनी आने वाली तिमाहियों में भी इस प्रॉफिट मोमेंटम को बरकरार रख पाएगी या नहीं।
