यात्रियों पर बढ़ेगा बोझ: फ्यूल सरचार्ज में 34% की बढ़ोतरी
1 अप्रैल, 2026 से कैथे पैसिफिक (Cathay Pacific) की सभी उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज में 34% की बड़ी बढ़ोतरी होगी। यह फैसला मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के चलते ग्लोबल ऑयल की कीमतों में आए उछाल और एयरलाइन की कमजोर हेजिंग स्ट्रेटेजी का सीधा नतीजा है। कंपनी ने कहा है कि उसकी हेजिंग केवल 30% कच्चे तेल की लागत को कवर करती है, जो जेट फ्यूल की बढ़ती कीमतों से निपटने के लिए नाकाफी है। यह कदम इंडस्ट्री में बढ़े हुए ऑपरेटिंग खर्चों को यात्रियों पर डालने के ट्रेंड को दिखाता है।
हेजिंग फेल, लागत बढ़ी: 34% तक महंगा होगा सफर
यह सरचार्ज हाइक शॉर्ट-हॉल रूट्स के लिए 34.1% और मीडियम व लॉन्ग-हॉल फ्लाइट्स के लिए 34% तक है। हाल ही में जेट फ्यूल की कीमतें $197 प्रति बैरल तक पहुंच गईं, जो एक महीने पहले $95.50 थीं। कैथे पैसिफिक का कहना है कि उनकी वर्तमान हेजिंग स्ट्रेटेजी उसके कच्चे तेल की खपत का सिर्फ 30% ही कवर कर पाती है। इस कारण एयरलाइन अस्थिर रिफाइनरी लागतों के प्रति बेहद संवेदनशील है। कंपनी कच्चे तेल को हेज करती है, न कि सीधे जेट फ्यूल को, और मिडिल ईस्ट संघर्ष के बाद से जेट फ्यूल की कीमतें कच्चे तेल के मुकाबले दोगुनी हो गई हैं, जिससे यह अंतर महंगा साबित हो रहा है।
इंडस्ट्री में अलग-अलग हैं स्ट्रेटेजी
जहां कैथे पैसिफिक को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं सिंगापुर एयरलाइन्स जैसी अन्य एयरलाइन्स लंबी अवधि की हेजिंग स्ट्रेटेजी अपनाती हैं। कई यूरोपीय कैरियर्स के पास भी बहु-वर्षीय कवरेज है। हालांकि, नॉर्थ अमेरिकन एयरलाइन्स ने काफी हद तक हेजिंग बंद कर दी है।
शेयर बाजार और एनालिस्ट्स की राय
20 मार्च, 2026 तक, कैथे पैसिफिक का शेयर HK$12.40 पर कारोबार कर रहा था। कंपनी का मार्केट कैपिटलाइजेशन HK$75.41 बिलियन था और ट्रेलिंग पी/ई रेश्यो 8.66 था, जो लुफ्थांसा (7.3) से अधिक लेकिन सिंगापुर एयरलाइंस (17.5) से कम था। पिछले एक साल में कैथे पैसिफिक के शेयर 17.42% बढ़े हैं, लेकिन ये एशिया पैसिफिक इंडेक्स से पीछे रहे हैं। एनालिस्ट्स आम तौर पर 'होल्ड' रेटिंग दे रहे हैं। जेपी मॉर्गन का मानना है कि एयर कार्गो में बदलाव से कैथे को फायदा हो सकता है, पर ईंधन की लागत अभी भी एक बड़ी चिंता है।
भविष्य की योजनाएं और रूट में बदलाव
कैथे पैसिफिक के अनुसार, फ्यूल सरचार्ज की दो-साप्ताहिक समीक्षा अस्थिर कीमतों से निपटने के लिए एक अस्थायी उपाय है और स्थिति सामान्य होने पर इसे बदला जाएगा। एयरलाइन ने चेतावनी दी है कि इन समायोजन के बिना, परिचालन क्षमता बनाए रखना मुश्किल होगा। लागत के दबाव के बावजूद, कैथे पैसिफिक लंदन, पेरिस और ज्यूरिख जैसे यूरोपीय शहरों के लिए उड़ानों की संख्या बढ़ाएगी। वहीं, 31 मई तक दुबई और रियाद के लिए सेवाएं रोक दी जाएंगी। यह कदम बढ़ती लागतों को नियंत्रित करने और मौजूदा बाजार में मांग का लाभ उठाने का एक प्रयास है।