Adani Ports & SEZ Ltd. के शेयर सोमवार को रॉकेट बन गए और ₹1,741 के स्तर पर पहुंच गए। कंपनी के Q4 FY26 के नतीजों और अप्रैल के शानदार परिचालन अपडेट ने निवेशकों को खुश कर दिया। इस तिमाही में कंपनी का नेट प्रॉफिट 9% बढ़कर ₹3,308 करोड़ रहा, जबकि रेवेन्यू में 26% की उछाल के साथ यह ₹10,738 करोड़ पर पहुंच गया। यह प्रदर्शन विश्लेषकों की उम्मीदों से कहीं बेहतर रहा।
नतीजों के साथ ही, अप्रैल के परिचालन अपडेट में भी 15% की सालाना वृद्धि दर्ज की गई, जिससे कुल कार्गो वॉल्यूम 43.1 मिलियन मीट्रिक टन तक पहुंच गया। इस ग्रोथ का मुख्य श्रेय कंटेनर और ड्राई कार्गो सेगमेंट को जाता है, जिनमें 17% की बढ़ोतरी देखी गई।
पूरे फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए भी कंपनी का प्रदर्शन मजबूत रहा। रेवेन्यू ₹38,736 करोड़ पर पहुंच गया, जो कंपनी के अनुमान से अधिक था। Adani Ports ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की, भारतीय ऑपरेटर के तौर पर पहली बार 500 मिलियन मीट्रिक टन से अधिक कार्गो वॉल्यूम को पार किया।
हालांकि, इस सकारात्मक वित्तीय और परिचालन प्रदर्शन के बीच, कंपनी के इंटीग्रेटेड लॉजिस्टिक्स आर्म से कुछ मिली-जुली खबरें आईं। अप्रैल के आंकड़ों के अनुसार, लॉजिस्टिक्स रेल वॉल्यूम में 16% की सालाना गिरावट दर्ज की गई, जो 48,490 TEUs (ट्वेंटी-फुट इक्विवेलेंट यूनिट्स) रहा। यह कंपनी के विभिन्न ऑपरेशंस में मिले-जुले प्रदर्शन का संकेत देता है।
फाइनेंशियल ईयर 26 में कंपनी का रेवेन्यू 25% बढ़कर ₹38,736 करोड़ हुआ, वहीं EBITDA 20% बढ़कर ₹22,851 करोड़ रहा। डोमेस्टिक पोर्ट्स के रेवेन्यू में 13% की बढ़त देखी गई, जबकि लॉजिस्टिक्स और मरीन सेगमेंट के रेवेन्यू में क्रमशः 55% और 134% की भारी बढ़ोतरी हुई। Adani Ports का P/E रेश्यो करीब 25.37x से 30.28x के बीच है, जो ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर के औसत 31.65x से थोड़ा कम है। कुछ विश्लेषकों का मानना है कि ग्रोथ की संभावनाओं और विस्तार योजनाओं को देखते हुए यह वैल्यूएशन उचित है।
विश्लेषकों का नजरिया अभी भी काफी हद तक सकारात्मक है, 'स्ट्रॉन्ग बाय' (Strong Buy) की कन्सेंसस बनी हुई है और कई ब्रोकरेज फर्मों ने टारगेट प्राइस बढ़ाकर ₹1,950 और ₹1,930 कर दिया है। हालांकि, वैल्यूएशन को लेकर चिंताएं बनी हुई हैं। मार्च के आखिर में एक एनालिस्ट की ओर से वैल्यूएशन और टेक्निकल कमजोरी के चलते 'सेल' (Sell) रेटिंग दी गई थी, जिसने स्टॉक की गति को लेकर सवाल खड़े किए हैं। इसके अलावा, कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2027 के लिए कोर अर्निंग्स ग्रोथ में नरमी का अनुमान लगाया है, जो FY26 के 20% के मुकाबले 9% से 14% के बीच रहने की उम्मीद है।
भविष्य को देखते हुए, Adani Ports ने महत्वाकांक्षी लक्ष्य रखे हैं। कंपनी का लक्ष्य फाइनेंशियल ईयर 2031 तक रेवेन्यू और EBITDA को दोगुना करना और दिसंबर 2030 तक 1 बिलियन टन कार्गो को हैंडल करना है। फाइनेंशियल ईयर 26 के लिए, कंपनी ने ₹7.50 प्रति शेयर का डिविडेंड प्रस्तावित किया है। 23 विश्लेषकों की ओर से ₹1,833 का औसत 12-महीने का टारगेट प्राइस दिया गया है।
